बुधवार, 12 जून 2019

भाडखा में नाडी के नवीनीकरण की शुरूआत


बाड़मेर, 12 जून। ग्राम भाडखा की सुथारो की ढाणी में ग्राम बैठक का आयोजन बायफ केयर्न उन्नति परियोजना के अन्तर्गत किया गया। इस दौरान नाडी के नवीनीकरण कार्य की शुरूआत की गई।
इस दौरान केयर्न कम्पनी के सीएसआर मैनेजर भानुप्रताप सिंह ने कहा कि केयर्न की ओर से किसानांे के कल्याणार्थ कई कार्य किए जा रहे है। इसके तहत सुथारांे की ढाणी में पानी की समस्या को देखते हुए नाडी नवीनीकरण के कार्य की शुरूआत की गई है। इसमंे नाडी में से मिटटी खुदाई कार्य किया जा रहा है। उन्हांेने नाडी की उपर की मिटटी का महत्व समझाते हुए कहा कि इसमंे ऊपर की एक से दो फीट की मिटटी उपजाऊ होती है,इसको ग्रामीण अपने खेतो में ले जाकर अधिकाधिक उपयोग करें। इससे फसल का उत्पादन बढ़ने के साथ आमदनी मंे वृद्वि होगी। उन्हांेने कहा कि कम्पनी बायफ संस्था के माध्यम से कार्य कराती हैं। उन्हांेने कहा कि ग्रामीणांे की कार्य संपादित करवाने मंे महत्वपूर्ण भूमिका है। ग्रामीण अपाने अनुभव के आधार पर वर्षा का पानी कहां से जाता है और कहां बहकर निकल जाता है। इनको ध्यान में रखकर नाडी का अच्छा काम करवाएं। सीएसआर प्रभारी अर्णव ने बताया कि नाडी सुधार का कार्य अच्छी तरह से जिम्मेदारी से करवाएं। इससे बारिश का पानी संग्रहित होने के साथ आमजन को खासी सहुलियत होगी। बायफ से परियोजना अधिकारी नगीन पटेल ने किसानो को केयर्न की ओर से संचालित परियोजना के बारे में बताया। उन्हांेने वाडी, खडीन निर्माण, नाडी नवीनीकरण, किसान प्रशिक्षण के बारे में जानकारी देते हुए कहा कि यह परियोजना किसानो के लिए आजीविका का अच्छा साधन है। नाडी नवीनीकरण के कार्य मंे गांव के 5 से 7 सदस्यो की जिम्मेदारी तय की गई है। जिसको समय-समय पर जाकर कार्य की निगरानी करनी है। इस दौरान राजस्थान मरूधरा ग्रमीण बैंक भाडखा के मेनेजर एवं बायफ से संकुल प्रभारी विजय कुमार, मेहराब खान हरखा राम, साले मोहम्मद समेत कई गणमान्य नागरिक उपस्थित रहे।



बीएसएफ की पर्यावरण संरक्षण की मुहिम का आगाज

सीमा सुरक्षा बल के जवानांे को व्यक्तिशःसौंपी जाएगी पौधांे की देखभाल की जिम्मेदारी

बाड़मेर, 12 जून। सीमा सुरक्षा बल सेक्टर मुख्यालय बाड़मेर मंे बुधवार को कार्यवाहक उप महानिरीक्षक शाम कपूर ने पर्यावरण संरक्षण की मुहिम का आगाज करते हुए पौधारोपण किया। इस दौरान सीमा सुरक्षा बल के अधिकारियांे एवं जवानांे ने पौधारोपण कर पर्यावरण संरक्षण का संदेश दिया।
सीमा सुरक्षा बल सेक्टर मुख्यालय परिसर मंे कार्यवाहक उप महानिरीक्षक एवं कमांडेंट शाम कपूर, द्वितीय कमान अधिकारी सुमन कुमार एवं उप कमाडेंट एन.के.तिवारी की अगुवाई मंे जवानांे ने सैकड़ांे पौधे लगाए। पौधारोपण कार्यक्रम की शुरूआत कमाडेंट शाम कपूर ने पौधारोपण के साथ की। इस दौरान कपूर ने कहा कि लगातार बढ़ते प्रदूषण से पर्यावरण को हो रहे खतरनाक प्रभाव से बचाने के लिए बीएसएफ की ओर से वृहद स्तर पर पौधारोपण किया जा रहा है। उन्हांेने कहा कि बीएसएफ सरहद की हिफाजत करने के देश, समाज एवं पर्यावरण की सुरक्षा के लिए सदैव तत्पर है। इसी कड़ी मंे सेक्टर मुख्यालय मंे पौधारोपण किया गया है। उन्हांेने बताया कि आगामी दिनांे मंे सेक्टर मुख्यालय के साथ बोर्डर एवं बाड़मेर शहर मंे अधिकाधिक पौधे लगाकर बाड़मेर को हरा भरा बनाएंगे। उन्हांेने बताया कि बीएसएफ के जवानांे से पौधारोपण करवाने के साथ उनको व्यक्तिशः देखभाल की जिम्मेदारी दी जाएगी। ताकि वह समय-समय पर उस पौधे की देखभाल कर सके। जवानांे के स्थानांतरण पर संबंधित पौधांे की देखभाल की जिम्मेदारी अन्य जवान को हस्तातंरित की जाएगी। इससे पश्चिमी राजस्थान खुशहाल एवं हरा भरा होगा। पौधारोपण मंे लॉयन्स क्लब के अध्यक्ष रमेश छाजेड़, सुबोध शर्मा, दिनेश लुनिया, शेखर जैन, बंशीधर, ललित छाजेड़ का सक्रिय योगदान रहा। इस दौरान सीमा सुरक्षा बल के अधिकारियांे के साथ सैकड़ांे जवान उपस्थित रहे।

प्रथम चरण मंे होगा 64 बेरियांे का जीर्णोद्वार, 52 लाख की स्वीकृति जारी

बाड़मेर जिला प्रशासन की पहल, बेरियों का होगा जीर्णाेद्वार


बाड़मेर, 12 जून। बाड़मेर जिले की रामसर पंचायत समिति की चार ग्राम पंचायतांे मंे प्रथम चरण के तहत 64 बेरियांे का जीर्णाेद्वार होगा। इसके लिए 52.06 लाख की वित्तीय स्वीकृति जारी की गई है। उल्लेखनीय है कि कुछ समय पूर्व जिला कलक्टर हिमांशु गुप्ता ने अनूठी पहल करते हुए बेरियांे का सर्वे करवाने के साथ इनके जीर्णाेद्वार की कार्य योजना बनाने के निर्देश दिए थे।
अतिरिक्त जिला कार्यक्रम समन्वयक एवं मुख्य कार्यकारी अधिकारी मोहनदान रतनू ने बताया कि रामसर पंचायत समिति की ग्राम पंचायत सजन का पार मंे 36, बबुगुलेरिया मंे 12, देरासर मंे 1, रामसर मंे 15 बेरियांे के जीर्णाेद्वार के लिए 52.06 लाख की प्रशासनिक एवं वित्तीय स्वीकृति जारी की गई है। उन्हांेने बताया कि बाड़मेर जिले मंे जिला कलक्टर के निर्देशानुसार 1790 बेरियांे को चिन्हित किया गया हैं। इसमंे से 432 बेरियांे का इस्तेमाल ग्रामीणांे की ओर से जल स्त्रोत के रूप मंे किया जा रहा हैं।  मनरेगा मंे परंपरागत जलस्त्रोत बेरियांे के जीर्णोद्वार की विस्तृत कार्य योजना तैयार की गई है। उन्हांेने बताया कि जीर्णाेद्वार के तहत इन बेरियांे मंे जमा हो चुकी मिटटी यथा गाद निकालने का कार्य करवाया जाएगा। इनके ऊपर बेसमंेट का निर्माण कराने के साथ घिरनी लगाई जाएगी। ताकि ग्रामीणांे को बाल्टी से पानी निकालने मंे सहुलियत हो। उल्लेखनीय है कि बाड़मेर जिले की शिव, गडरारोड़, सेड़वा, धनाउ समेत कुछ अन्य पंचायत समितियांे के कई गांवांे मंे ग्रामीण पानी के लिए परंपरागत जल स्त्रोतांे बेरियांे पर निर्भर है। आमतौर पर इसमंे भूमिगत जल नहीं होता, लेकिन रिस-रिसकर सेजे का पानी का एकत्रित होता है। इसमंे कई बेरियांे मंे 15 से 20 मटकी तो कुछ मंे इससे अधिक मात्रा मंे पानी उपलब्ध हो जाता है। इसमंे पानी समाप्त होने के 3-4 घंटे बाद वापिस सेजे का पानी रिसकर एकत्रित हो जाता है।

मंगलवार, 11 जून 2019

एन्टोंमोलोजिस्ट सर्विलेन्स की कार्यशाला का आयोजन हुआ: सीएमएचओ

बाड़मेर, 11 जून। स्वास्थ्य भवन बाड़मेर में एन्टोंमोलोजिस्ट सर्विलेन्स की कार्यशाला का आयोजन सीएमएचओ डॉ कमलेश चौधरी की अध्यक्षता में किया गया। डॉ चौधरी ने बताया की इस कार्यशाला में  प्रशिक्षण डॉ झुन्झाराम चौधरी द्वारा दिया गया। इस प्रशिक्षण में जिले के सभी मलेरिया निरीक्षक को मलेरिया, डेंगू व चिकनगुनिया के लार्वा की पहचान किस प्रकार की जाती है तथा इन्हें नष्ट करने का प्रशिक्षण दिया गया। डॉ चौधरी ने बताया की अतिरिक्त निदेशक (ग्रा.स्वा.) के निर्देशानुसार प्रशिक्षण के पश्चात एन्टोमोलोजिकल सर्विलेन्स की रिपोर्ट प्रतिदिन भिजवाना सुनिश्चित किया जाए। एएमओ कुन्दन मल सोनी ने इस कार्यशाला का संचालन किया। इस बैठक में जिले के सभी मलेरिया निरीक्षक व हेल्थ मेनेजर नरेन्द्र कुमार खत्री उपस्थित रहे।

पशुपालन विभाग ने दी मवेशियांे को गर्मी से बचाने के लिए सलाह

बाड़मेर, 11 जून। बाड़मेर जिले मंे पशुधन को भीषण गर्मी, लू एवं तापमान के दुष्प्रभावों से बचाने के लिए पशुपालन विभाग की ओर से पशुपालकों को एहतियात बरतने की सलाह दी गई है।
पशुपालन विभाग के संयुक्त निदेशक डा.नारायणसिंह सोलंकी ने बताया कि बाड़मेर जिले मंे गर्मी का प्रभाव तीव्र होने तथा वातावरण के तापमान में निरंतर बढ़ोतरी के साथ-साथ लू के कारण पशुधन की उत्पादन क्षमता प्रभावित हो सकती है। ऐेस मंे डिहाइड्रेशन, तापघात, बुखार, दस्त एवं गर्भपात इत्यादि से पशुधन की हानि के साथ रोग प्रतिरोधक क्षमता प्रभावित होने से विभिन्न संक्रामक रोग होने की आशंका है। उन्हांेने बताया कि तापघात से बचाने के लिए पशुओं को प्रातः 9 बजे से सायं 6 बजे तक छायादार स्थान यथा पेड़ों के नीचे अथवा पशु बाड़ों में रखा जाए। उनके मुताबिक पशुबाड़ों में हवा का पर्याप्त प्रवाह हो तथा विचरण के लिए पर्याप्त स्थान की उपलब्धता होनी चाहिए। अत्यधिक गर्मी की स्थिति में विशेषकर संकर जाति एवं उच्च दुग्ध उत्पादन क्षमता वाले पशुओं के बाड़ों के दरवाजों-खिड़कियों पर पाल,टाटी लगाकर दोपहर के समय पानी का छिड़काव कराने से राहत मिलती है। भैसवंशीय पशुओं को शाम के समय नहलाना, तालाब में छोड़ना लाभदायक होता है। पशुओं को दिन में कम से कम दो बार ठण्डा, शुद्ध एवम् पर्याप्त पेयजल उपलब्ध कराया जाए। उन्हांेने बताया कि पशुआंे को सूखे चारे के साथ-साथ कुछ मात्रा हरे चारे की भी दी जाए, ताकि उनमें कब्जी अथवा अन्य पाचन संबंधित व्याधियां उत्पन्न नहीं हो। भारवाहक पशुओं को यथासम्भव प्रातः एवं सायंकाल में काम में लिया जाए तथा दोपहर के समय इन्हें आराम दिलाना जाए। उन्हांेने बताया कि पशुओं में लू अथवा तापघात के लक्षण तेज बुखार होना, पशु का सुस्त होना, खाना-पीना बन्द कर देना, पशु की श्वसन गति का तेज होना, कभी-कभी नाक से खून बहना, धीरे-धीरे पशु की श्वसन गति कम होना तथा चक्कर खाकर पशु का बेहोश हो जाना है। पशुओं में तापघात की स्थिति होने पर तत्काल उन्हें छायादार स्थान पर रखने के साथ यथाशीघ्र पशु चिकित्सक से उपचार करवाएं। उन्हांेने बताया कि पशु चिकित्सक की सलाह पर आवश्यक रोग प्रतिरोधक टीके लगवाए जाए। अगर पशु चारा खाना बन्द करें अथवा सुस्त-बीमार दिखाई दें तो बिना देरी समीपवर्ती पशु चिकित्सालय से सम्पर्क स्थापित कर परामर्श एवं पर्याप्त उपचार करवाएं।

पीसीपीएनडीटी जिला सलाहकार समिति की बैठक आयोजित

बाड़मेर, 11 जून। पीसीपीएनडीटी जिला सलाहकार समिति की बैठक मंगलवार को मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डा.कमलेश चौधरी की अध्यक्षता मंे स्वास्थ्य भवन मंे आयोजित हुई।
मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डा.कमलेश चौधरी ने बताया कि बैठक में प्रसव पूर्व निदान तकनीक अधिनियम 1994 के तहत पंजीकरण के लिए विभिन्न संस्थाओं से तीन आवेदन प्राप्त हुए। जबकि एक पूर्व में पंजीकृत संस्थान के मालिक की मृत्यु हो जाने के कारण प्रसव पूर्व निदान तकनीक अधिनियम 1994 में रजिस्ट्रेशन को स्थाई तौर पर समाप्त करने की अनुशंषा की गई। विभिन्न संस्थाओं से प्राप्त आवेदनों को पंजीकरण करने के लिए जिला सलाहकार समिति के सदस्यों ने अनुशंषा की गई। इस दौरान मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डा. चौधरी ने कहा कि कन्या भ्रूण हत्या की रोकथाम के लिए हर संस्थान को आईईसी,निजी एवं सरकारी अस्पताल में काउंसलिंग के माध्यम से आमजन मंे जागरूकता लाई जाए। उन्हांेने बताया कि प्रबंध निदेशक एनएचएम डॉ समित शर्मा के निर्देशानुसार अब प्रसव पूर्व निदान तकनीक के गलत उपयोग की शिकायत व्हाट्सएप्प नंबर 9799997795 पर की जा सकती है। शिकायत-कर्ता की पहचान गोपनिय रखी जाएगी। इस बैठक में अतिरिक्त सीएमएचओ डॉ सत्ताराम भाखर ,सहायक अभियोजन निदेशक दिनेश तिवारी ,शिशु रोग विशेषज्ञ डॉ महेन्द्र चौधरी, सहायक जनसंपर्क अधिकारी मदन बारुपाल,हैल्थ मेनेजर नरेन्द्र कुमार खत्री एवं पीसीपीएनडीटी समन्वयक अजय कुमार कल्याण उपस्थित रहे।


सरपंच संघ ने जताया आभार,आवारा पशुओं के लिए चारे की व्यवस्था का अनुरोध

सरपंच संघ ने बताया कि बाड़मेर जिले मंे पशु शिविर एवं चारा डिपो विधिवत संचालित हो रहे है

बाड़मेर, 11 जून। बाड़मेर जिले मंे पशुधन संरक्षण के लिए ग्राम पंचायतांे के सहयोग से 248 पशु शिविर एव 412 चारा डिपो संचालित किए जा रहे हैं। इसको लेकर सरपंच संघ ने अतिरिक्त जिला कलक्टर राकेश कुमार शर्मा को मुख्यमंत्री के नाम ज्ञापन सौंपकर पशुधन संरक्षण के लिए आभार जताते हुए आवारा पशुआंे के लिए चारे की व्यवस्था करवाने का अनुरोध किया।
सरपंच संघ के अध्यक्ष उगमसिंह राणीगांव समेत अन्य सरपंचांे के प्रतिनिधि मंडल ने मंगलवार को मुख्यमंत्री के नाम सौंपे ज्ञापन मंे बताया कि बाड़मेर जिले मंे राज्य सरकार के निर्देशानुसार लघु एवं सीमांत कृषकांे के पशुधन के लिए चारे की व्यवस्था शिविरांे एवं डिपो के माध्यम से की गई है। जिले मंे पशु शिविर एवं चारा डिपो विधिवत तथा सुचारू रूप से संचालित करके पशुधन संरक्षण किया जा रहा है। जिला स्तर से इसकी प्रभावी मोनेटरिंग की जा रही है। ज्ञापन मंे बताया कि आवारा, घुमक्कड़ एवं बिना दूध देने वाले पशु भी चारा डिपो एवं पशु शिविरांे मंे आ रहे है। इनके लिए चारा देने का कोई प्रावधान नहीं होने से दिक्कत हो रही है। ज्ञापन मंे मुख्यमंत्री से इन पशुआंे के लिए चारे की व्यवस्था करवाने संबंधित आदेश करवाने के अनुरोध किया गया। सरपंच संघ के प्रतिनिधि मंडल ने अतिरिक्त जिला कलक्टर राकेश कुमार शर्मा एवं मुख्य कार्यकारी अधिकारी मोहनदान रतनू को बताया कि हालांकि व्यवहारिक तौर पर शिविरांे मंे पहुंचने वाले सभी मवेशियांे को अपने स्तर पर जनसहयोग से चारा उपलब्ध करवाने का प्रयास किया जा रहा है तथा किसी भी गौ वंश को चारे के अभाव में। मरने नहीं दिया जा रहा हैं।अतिरिक्त जिला कलक्टर शर्मा ने प्रतिनिधि मंडल को भरोसा दिलाया कि ज्ञापन मंे उल्लेखित मांग के संबंध मंे राज्य सरकार को अवगत कराते हुए आवारा पशुआंे के संरक्षण के लिए आवश्यक कदम उठाने के प्रयास किए जाएंगे। उन्हांेने बताया कि बाड़मेर जिले मंे गाइड लाइन के अनुसार ग्राम पंचायतांे के माध्यम से पशु शिविर एवं चारा डिपो संचालित किए जा रहे हैं। बाड़मेर प्रवास के दौरान विभिन्न मंत्रीगणांे को भी स्थानीय जन प्रतिनिधियांे तथा जिला प्रशासन की ओर से इस संबंध मंे अवगत कराते हुए एनडीआरएफ नियमांे मंे उल्लेखित प्रावधानांे मंे शिथिलता दिलाने का अनुरोध किया गया है। मुख्य कार्यकारी अधिकारी मोहनदान रतनू ने बताया कि बाड़मेर जिले मंे 11 अप्रैल को आपदा राहत प्रबंधन विभाग की ओर से स्वीकृति मिलने के साथ ही अगले दिन ही 250 चारा डिपो प्रारंभ कर दिए गए थे। जहां पर अनुदानित दरांे पर पशुपालकांे को चारा उपलब्ध करवाया जा रहा है। इसके अलावा 248 स्थानांे पर पशु शिविर संचालित है। पशुधन संरक्षण के लिए राज्य सरकार के अलावा विभिन्न संस्थाआंे एवं दानदाताआंे का भी अपेक्षित सहयोग मिला है। इस दौरान अतिरिक्त जिला कलक्टर राकेश कुमार शर्मा एवं मुख्य कार्यकारी अधिकारी मोहनदान रतनू ने पशु शिविर एवं चारा डिपो सुचारू डिपो से संचालित करने के लिए सरपंच संघ का धन्यवाद ज्ञापित करते हुए अनुरोध किया कि इसको निरंतर जारी करते हुए पशुधन संरक्षण के लिए समन्वित प्रयास जारी रखे जाए। ज्ञापन देने वाले प्रतिनिधि मंडल मंे सरपंच संघ अध्यक्ष उगमसिंह राणीगांव, हाथीतला सरपंच मगराज गोदारा,गालाबेरी सरपंच अचलाराम सियोल समेत कई सरपंच शामिल थे।


जिला स्तरीय जन सुनवाई एवं सतर्कता समिति की बैठक 14 को

बाड़मेर,11 जून। आमजन की परिवेदनाआंे की सुनवाई एवं समस्याआंे के समाधान के लिए जिला मुख्यालय पर एक दिवसीय जन सुनवाई का आयोजन इस माह के द्वितीय शुक्रवार 14 जून को प्रातः 11 बजे से जिला कलक्टर कार्यालय स्थित भारत निर्माण राजीव गांधी सेवा केन्द्र मंे किया जाएगा। 
जिला परिषद के मुख्य कार्यकारी अधिकारी मोहनदान रतनू ने बताया कि जिला स्तरीय जन सुनवाई मंे संबंधित अधिकारियांे को उपस्थित होकर जिला कलक्टर के निर्देशानुसार परिवेदनाआंे एवं समस्याआंे का निस्तारण सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए हैं। इसी तरह जिला जन अभाव अभियोग निराकरण एवं सतर्कता समिति की बैठक जिला स्तरीय जन सुनवाई के साथ भारत निर्माण राजीव गांधी सेवा केन्द्र में आयोजित की जाएगी। 

खरीफ मंे उन्नत तकनीक के उपयोग के विविध पहलूआंे से रूबरू कराया


बाड़मेर, 11 जून। फसल की उत्पादकता को बढ़ाकर किसानों की आय में वद्धि करना एक आवश्यक एवं चुनौतीपूर्ण कार्य है। कृषि उत्पादन में बढोतरी हुई है, लेकिन इस दिशा मंे काफी काम करने की जरूरत है। कृषि विज्ञान केन्द्र के उद्यानिकी विशेषज्ञ बुद्वाराम मोरवाल ने मंगलवार को कृषि विज्ञान केन्द्र की ओर से धारासर गांव मंे आयोजित खरीफ किसान गोष्ठी के दौरान यह बात कही। कृषि विज्ञान केन्द्र की ओर से 25 मई से विभिन्न गांवांे मंे खरीफ किसान गोष्ठी कार्यक्रम चलाया जा रहा है।

इस दौरान उद्यानिकी विशेषज्ञ मोरवाल ने विभिन खरीफ फसलों के उन्नत बीजों के किस्मों की विशेषताआंे के बारे मंे विस्तार से जानकारी देते हुए कहा कि किसानांे को कम बारिश एवं कम समय में पकने वाले किस्मों का चयन करना चाहिए। वैज्ञानिकों की ओर बताई गई उन्नत कृषि तकनीक को अपनाने के साथ समय रहते मानसून पूर्व बीज की व्यवस्था करनी चाहिए। उन्हांेने कहा कि किसानांे को स्वयं की ओर से उत्पादित फसल में से स्वस्थ पौधों का चयन कर घरेलू बीज तैयार करना चाहिए। ताकि समय रहते बीज की उपलब्धता एवं बाजार में लीज पर होने वाले महंगे खर्च से बचा जा सके। मोरवाल ने उद्यानिकी फसलों एवं सब्जी उत्पादन की जरूरत जताते हुए देशी बेर में कलिकायन के बारे मंे विस्तार से जानकारी दी। केन्द्र के पशुपालन विशेषज्ञ भैरूलाल डांगी ने गर्मी एवं बारिश के मौसम में पशुओं की देखभाल की जानकारी देते हुए कहा कि पशुओं का समय पर टीकाकरण एवं डीफर्मिग करवाए, ताकि पशुओं को अकाल मौत से बचाया जा सकें। उन्हांेने कहा कि खेत में चारा उत्पादन किया जाए, ताकि पशुओं में पोषक तत्वों की भी कमी नहीं हों। कार्यक्रम सहायक सुनील कुमार ने बताया कि धारासर गांव मंे आयोजित खरीफ किसान गोष्ठी मंे आसपास के गांवों के 45 किसानों ने भाग लिया।

सोमवार, 10 जून 2019

केन्द्रीय राज्य मंत्री चौधरी ने मंदिरांे मंे धोक लगाकर मांगी खुशहाली की मन्नत

बाड़मेर,10 जून। केन्द्रीय कृषि एवं किसान कल्याण राज्य मंत्री कैलाश चौधरी ने सोमवार को बाड़मेर जिले के प्रवास के दौरान विभिन्न मंदिरांे मंे धोक लगाकर देश मंे खुशहाली की मन्नत मांगी। इस दौरान  चौधरी का विभिन्न स्थानांे पर गर्मजोशी से स्वागत किया गया।
केन्द्रीय कृषि एवं किसान कल्याण राज्य मंत्री कैलाश चौधरी ने सोमवार को मनणावास गांव में हीरानंद सरस्वती आश्रम पहुंच कर महंत से आशीर्वाद लिया। इसके उपरांत चौधरी ने ब्रह्मधाम आसोतरा में ब्रह्मजी के मंदिर पहुंच कर पूजा अर्चना की। इस दौरान मंदिर ट्रस्ट मंडल की ओर से चौधरी का स्वागत किया गया। बालोतरा प्रवास के दौरान केन्द्रीय कृषि एवं किसान कल्याण राज्य मंत्री चौधरी ने जसोल मंे माता राणी भटियाणी मंदिर पहुंच कर पूजा-अर्चना की। जसोल ग्राम पंचायत परिसर मंे आयोजित समारोह के दौरान चौधरी का स्वागत किया गया। केन्द्रीय राज्य मंत्री कैलाश चौधरी ने नाकोड़ा जैन तीर्थ मंे भगवान नाकोड़ा भैरव, भगवान पार्श्वनाथ, काला एवं गोरा भैरू एवं लूम्बनाथ महाराज के धूणे के दर्शन कर पूजा अर्चना की। उन्हांेने भैरूजी के मंदिर में तेल चढ़ाने के साथ डमरू की डूगडूगी बजाकर देश मंे खुशहाली की कामना की। इस दौरान नाकोड़ा ट्रस्ट मंडल की ओर से केन्द्रीय मंत्री का स्वागत किया गया।




हैडपंप खुदाई के कार्य मंे तेजी लाने के निर्देश

 अधिशाषी अभियंता प्रत्येक शुक्रवार को उपखंड अधिकारियांे को जलापूर्ति के बारे मंे अवगत कराएं

बाड़मेर,10 जून। मौजूदा समय मंे गर्मी के मौसम को देखते हुए हैंडपंप खुदाई के कार्य को प्राथमिकता से पूर्ण करवाया जाए। इसके लिए अतिरिक्त मशीनें लगाने के साथ प्राथमिकता से इनको प्रारंभ किया जाए। ताकि ग्रामीणांे को राहत मिल सके। मुख्य कार्यकारी अधिकारी मोहनदान रतनू ने सोमवार को जिला मुख्यालय पर बिजली,पानी संबंधित साप्ताहिक समीक्षा बैठक के दौरान जलदाय विभाग के अधिकारियांे को निर्देशित करते हुए यह बात कही।
मुख्य कार्यकारी अधिकारी मोहनदान रतनू ने जिले मंे जलापूर्ति इतंजामांे की समीक्षा करते हुए कहा कि ग्रामीणांे की मांग के मुताबिक गांवांे एवं ढ़ाणियांे मंे प्राथमिकता से टैंकरांे के जरिए जलापूर्ति की जाए। उन्हांेने कहा कि इसमंे किसी तरह की कौताही नहीं बरती जाए। इस दौरान जलदाय विभाग के अधिकारियांे ने बताया कि 114 हैंडपंप खोदे जाने है। हैंडपंप खुदाई का कार्य तीव्र गति से करवाने का प्रया किया जा रहा है। उन्हांेने बताया कि बाड़मेर जिले मंे 982 स्थानांे पर टैंकरांे के जरिए जलापूर्ति की जा रही है। मुख्य कार्यकारी अधिकारी रतनू ने बाड़मेर एवं बालोतरा नगर परिषद क्षेत्र के नालांे की सफाई का कार्य तेजी से करवाने के निर्देश दिए। आयुक्त पवन मीणा ने बताया कि नालांे की सफाई के लिए टेंडर आमंत्रित कर दिए गए है। आगामी कुछ दिनांे मंे यह कार्य प्रारंभ कर दिया जाएगा। मुख्य कार्यकारी अधिकारी रतनू ने सार्वजनिक निर्माण विभाग के अधिकारियांे को छात्रावास एवं सरकारी कार्यालयांे के निर्माण कार्य तीव्र गति से पूर्ण करवाने के निर्देश दिए। इस दौरान डिस्काम के अधिकारियांे ने बताया कि 318 ग्राम पंचायतांे के विद्युतीकरण का कार्य पूर्ण कर लिया गया है। बैठक के दौरान मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डा.कमलेश चौधरी, मेडिकल कालेज के एसोशिएट प्रोफेसर डा. अनूपसिंह गुर्जर, अधीक्षण अभियंता हरिकृष्ण, अधिशाषी अभियंता अश्विनी कुमार जैन, दिलीप माथुर, एम.आर.प्रजापत समेत विभिन्न विभागीय अधिकारी उपस्थित रहे।



खसरा-रुबेला अभियान 22 जुलाई से,कोई भी बच्चा टीकाकरण से वंचित नहीं रहे

बाड़मेर,10 जून। मुख्य सचिव डी.बी. गुप्ता ने प्रदेश में 22 जुलाई से शुरु होने वाले खसरा -रुबेला अभियान के सफल क्रियान्वयन के लिए विडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से सोमवार को आवश्यक निर्देश दिए। उन्हांेने कहा कि प्रदेश का कोई भी बच्चा टीकाकरण से नहीं बचना चाहिए।
मुख्य सचिव डी.बी. गुप्ता ने कहा कि खसरा और रुबेला गंभीर बीमारियां हैं और पोलियो से भी बड़ी चुनौती हैं। उन्होंने कहा कि इन्हें केवल टीकाकरण के माध्यम से ही रोका जा सकता है। इसीलिए देश भर में इस बीमारी से लड़ने के लिए युद्ध स्तर पर टीकाकरण अभियान चलाया जा रहा है। उन्होंने बताया कि प्रदेश में 22 जुलाई से यह अभियान चलाया जाएगा और इसके तहत लगभग 2 करोड़ 26 लाख बच्चों के टीकाकरण का लक्ष्य रखा गया है। उन्होंने कहा कि हमारा लक्ष्य होना चाहिए कि एक भी बच्चा टीकाकरण से नही बचे। मुख्य सचिव ने प्रत्येक जिला कलेक्टर को इस अभियान के लिए जिला तथा ब्लॉक स्तर पर टास्क फोर्स गठित कर बैठक आयोजित करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि अभियान की सफलता के लिए अभियान से पहले ग्राम सभाओं तथा स्कूलों में इसका व्यापक प्रचार प्रसार किया जाए। गुप्ता ने कहा कि निजी चिकित्सकों तथा नेहरू युवा केन्द्रों की भी सहायता ली जा सकती है। मुख्य सचिव ने कहा कि सही तरीके से टीकाकरण किया जाना सबसे अधिक महत्त्वपूर्ण है। उन्होंने चिकित्सा विभाग, शिक्षा विभाग, महिला एवं बाल विकास विभाग, सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता विभाग तथा जनजाति क्षेत्रीय विकास विभाग के अधिकारियों से आपसी समन्वय के साथ कार्य योजना तैयार कर काम करने के लिए कहा। उन्होंने कहा कि इस अभियान की सफलता प्रदेश के लिए एक चुनौती है और सबके सहयोग से इसको सफल बनाया जा सकता है। एन एच एम मिशन निदेशक डॉ. समित शर्मा ने बताया कि यह केन्द्र सरकार का एक महत्वपूर्ण अभियान है। देश भर में इससे अब तक लगभग 30 करोड़ बच्चे लाभान्वित हो चुके हैं। उन्होंने कहा प्रदेश में यह अभियान 22 जुलाई से शुरु होकर 6 सप्ताह तक चलेगा, जिसके तहत 9 माह से लेकर 15 वर्ष के बच्चों का टीकाकरण किया जाएगा। शर्मा ने कहा कि अभियान के विभिन्न चरणों में निजी और सरकारी स्कूलों तथा मदरसों में पढ़ने वाले बच्चों, कच्ची बस्ती में रहने वाले, स्कूल नहीं जाने वाले बच्चों तर्था इंट भट्टों, घुमन्तु आबादी के बच्चों का टीकाकरण किया जाएगा।

त्वरित गति से समस्या समाधान कर आमजन को राहत पहुंचाएंःचौधरी

राजस्व मंत्री चौधरी ने बायतू तहसील कार्यालय का निरीक्षण किया


बाड़मेर,10 जून। राज्य सरकार की मंशा के अनुरूप समस्याआंे का त्वरित गति से समाधान करते हुए आमजन को राहत प्रदान करें। राजस्व मंत्री हरीश चौधरी ने सोमवार को बायतू में विभागीय अधिकारियांे को निर्देशित करते हुए कही। इस दौरान राजस्व मंत्री हरीश चौधरी ने जन सुनवाई मंे आमजन की समस्याएं सुनने के साथ बायतू तहसील का निरीक्षण किया।
राजस्व राज्य मंत्री हरीश चौधरी ने कहा कि राज्य सरकार ने विभिन्न जन कल्याणकारी योजनाआंे की शुरूआत के साथ ऐतिहासिक फैसलों के जरिए आमजन को राहत पहुंचाने का प्रयास किया है। उन्हांेने विभागीय अधिकारियांे को इसकी प्रभावी क्रियान्विति सुनिश्चित करवाने के निर्देश दिए। राजस्व मंत्री हरीश चौधरी ने आमजन की परिवेदनाएं सुनते हुए संबंधित अधिकारियांे को प्राथमिकता से समस्या समाधान करने के निर्देश दिए। जन सुनवाई के दौरान ग्रामीणांे ने पानी, बिजली एवं राजस्व विभाग से संबंधित अन्य समस्याआंे से अवगत कराया। इस दौरान राजस्व मंत्री चौधरी ने बायतू तहसील का निरीक्षण कर निष्पादित किए जा रहे कार्याें के बारे मंे विस्तार से जानकारी ली। तहसीलदार मतता लहुआ ने तहसील कार्यालय स्तर पर निष्पादित किए जा रहे कार्याें एवं प्रगति के बारे मंे अगवत कराया। इसके उपरांत राजस्व मंत्री हरीश चौधरी ने माडपुरा बरवाला, हीरा की ढाणी, बिलासर समेत विभिन्न ग्राम पंचायत मुख्यालयांे पर आयोजित कार्यक्रमांे मंे शिरकत की।



हाथकरघा बुनकरों से नकद पुरस्कार के लिए आवेदन पत्र आमंत्रित

बाड़मेर, 10 जून। हाथकरघा बुनकरों को प्रोत्साहित करने के लिए हर वर्ष की भांति इस वितीय वर्ष मे भी राज्य सरकार ने बुनकरों को नकद पुरस्कार देने का प्रावधान किया है। 
जिला उद्योग केन्द्र के महाप्रबन्धक संग्राम देवासी ने बताया कि जिला स्तरीय पुरस्कार के लिए जिले की सीमा में कार्यरत हाथकरघा बुनकरों से आवेदन पत्र आमंत्रित किए गए है। उन्होने बताया कि इसके लिएवहीं बुनकर पात्र होंगे जो हाथकरधा पर पिछले 3 वर्षो से बुनाई का कार्य कर रहे है तथा जिनको गत 3 वर्षो से इस पुरस्कार के लिए चयनित नहीं किया गया है। आवेदन पत्र जिला उद्योग केन्द्र कार्यालय से प्राप्त कर 30 जून 2019 तक जमा कराए जा सकते है। 

जिला सलाहकार समिति पीसीपीएनडीटी की बैठक 11 जून को

बाडमेर,10 जून। पीसीपीएनडीटी अधिनियम 1994 के अन्तर्गत गठित जिला सलाहकार समिति की बैठक 11 जून को प्रातः 11 बजे मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी कार्यालय में आयोजित की जाएगी। 
मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. कमलेश चौधरी ने संबंधित अधिकारियों को निर्धारित समय पर बैठक में उपस्थित होने का अनुरोध किया है।

रविवार, 9 जून 2019

महाविद्यालयों में रिक्त पद अतिशीघ्र भरे जाएंगे: भाटी

बाड़मेर ,09 जून। प्रदेश में महाविद्यालयों में रिक्त पदों को प्राथमिकता से भरा जाएगा। राज्य सरकार इसके लिए प्रयासरत है। उच्च शिक्षा राज्य मंत्री भंवर सिंह भाटी ने रविवार को बाड़मेर जिला मुख्यालय पर पत्रकारों से बातचीत के दौरान यह बात कही।
उच्च शिक्षा राज्य मंत्री भंवरसिंह भाटी ने स्थानीय लोगों की मांग का जिक्र करते हुए कहा कि आगामी बजट में बाड़मेर के महिला महाविद्यालय को अपग्रेड करने का प्रयास किया जाएगा। उन्होंने कहा कि विधानसभा क्षेत्रो में भी बालिकाओं की शिक्षा के लिए सरकार प्रयास करेगी।
 उन्होंने बताया कि रिक्त 832 पदों को भरने के लिए आरपीएससी को अभ्यर्थना भेज रखी है। आचार संहिता की वजह से उन पर कार्य आगे नहीं बढ़ सका था। आने वाले कुछ दिनों में भर्ती की प्रक्रिया शुरू हो जाएगी। उन्होंने कहा कि राजस्थान में मुख्यमंत्री अशोक गहलोत और उप मुख्यमंत्री सचिन पायलट अच्छी सरकार चला रहे हैं और सभी वर्ग युवा, किसान, व्यापारी, बेरोजगारों के कल्याण और विकास के लिए प्राथमिकता से कार्य कर रहे हैं। उन्होंने लोकसभा चुनाव के परिणाम के सवाल पर पत्रकारों से कहा कि लोकतंत्र में हार या जीत सिक्के के दो पहलू है। उन्होंने कहा कि वे जनता के इस फैसले को स्वीकार करते हुए आमजन के हितार्थ कार्य करते रहेंगे।बाड़मेर प्रवास के दौरान उच्च शिक्षा राज्य मंत्री भंवर सिंह भाटी ने विद्यालयों की स्थिति
एवं शिक्षा के स्तर के बारे में जानकारी प्राप्त की।

मंगलवार, 4 जून 2019

मुख्य कार्यकारी अधिकारी ने किया पशु शिविरांे का निरीक्षण

बाड़मेर, 04 जून। मुख्य कार्यकारी अधिकारी मोहनदान रतनू ने मंगलवार को सरहदी इलाकांे मंे पशु शिविरांे का निरीक्षण किया। उन्हांेने पशु शिविरांे मंे चारे,पानी एवं छाया की समुचित इंतजाम सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।
मुख्य कार्यकारी अधिकारी मोहनदान रतनू ने रामसर तहसील क्षेत्र मंे अभे का पार, सज्जन का पार, पादरिया समेत विभिन्न गांवांे मंे चल रहे पशु शिविरांे का निरीक्षण किया। उन्हांेने शिविर स्थल पर चारे की उपलब्धता एवं छाया, पानी की व्यवस्था का जायजा लिया। मुख्य कार्यकारी अधिकारी रतनू ने संबंधित संचालकांे को गर्मी के मौसम को देखते हुए मवेशियांे के लिए चारे के साथ छाया एवं पानी की पुख्ता इंतजाम सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। उन्हांेने ग्रामीणांे से रूबरू होकर जलापूर्ति एवं चारे, पानी तथा रोजगार के बारे मंे बारे मंे विस्तार से जानकारी लेने के साथ संबंधित विभागीय अधिकारियांे को आवश्यक निर्देश दिए। इस दौरान रामसर विकास अधिकारी बाबूसिंह राजपुरोहित समेत विभिन्न विभागीय अधिकारी उपस्थित रहे।


समानीकरण एवं पदस्थापन संबंधित दिशा निर्देश एवं कैलेंडर जारी

शिक्षकों एवं शैक्षणिक कार्मिकों के स्टाफिंग पैटर्न का पुनर्निधारण


बाड़मेर, 04 जून। प्रारम्भिक शिक्षा के अन्तर्गत  संचालित राजकीय प्राथमिक एवं राजकीय उच्च प्राथमिक विद्यालयों में शिक्षकों, शैक्षणिक कार्मिकों के पदों के विद्यालयवार आवंटन स्टाफिंग पैटर्न के पुनर्निधारण एवं समानीकरण, पदस्थापन के संबंध में प्रारम्भिक शिक्षा निदेशक की ओर से दिशा निर्देश एवं कैलेंडर जारी किया गया है।
प्रारंभिक शिक्षा निदेशक ओ.पी. कसेरा ने शिक्षा अधिकारियों को निर्देश दिए हैं कि शाला दर्पण पोर्टल पर समस्त कार्मिकों का मूल पद एवं विषय सेवा अभिलेख के अनुसार 5 जून तक शत प्रतिशत अपडेट हो जाए। इसके तहत 6 जून के बाद किसी भी कार्मिक का मूल पद एवं मूल विषय सेवा अभिलेखों से भिन्न पाए जाने पर संबंधित उत्तरदायी अधिकारी एवं कार्मिक के विरूद्ध अनुशासनात्मक कार्यवाही अमल में लाई जाएगी। स्टाफिंग पैटर्न के अंतर्गत यह सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए है कि शून्य नामांकन वाले किसी भी विद्यालय में किसी भी अध्यापक का पदस्थापन, समायोजन नहीं हो। काउंसलिग प्रक्रिया के पश्चात विद्यालयों में अध्यापकों के दोहरे पदस्थापन की स्थिति नहीं रहे, इसकी क्रियान्विति सुनिश्चित करने के लिए कहा गया है। प्रारम्भिक शिक्षा के निदेशक की ओर से जारी आदेशों में कहा गया है कि स्टाफिंग पैटर्न के पुनर्निधारण पश्चात काउंसलिंग के माध्यम से पदस्थापन की कार्यवाही के अंतर्गत ऐसे समस्त स्थानान्तरण आदेश जिनकी अभी तक पालना नहीं हो पाई को निरस्त कर पूर्व पदस्थापित मूल स्थान, पंचायत समिति, जिले में रिक्त स्थान पर किया जाएगा। आदेशों के अनुसार किसी अध्यापक का पूर्व में प्रशासनिक स्थानान्तरण किया गया था और वह न्यायालय द्वारा स्टे आदेश से वहीं पदस्थापित है और इस कारण इसके पद पर अन्य विद्यालय, जिले से स्थानान्तरित होकर आए अध्यापक के संबंध में स्थानान्तरण आदेश की पालना नहीं हो सकी हो तो राज्य सरकार के उक्त आदेश के अनुसार कार्यवाही किया जाना सुनिश्चित करें। इसी तरह किसी अध्यापक का स्वैच्छिक, प्रशासनिक स्थानान्तरण किया गया था और स्थानान्तरित विद्यालय में स्पष्ट पद रिक्त नहीं होने के कारण स्थानान्तरण आदेश में वर्णित शर्त ‘‘स्थानान्तरित कार्मिक की समस्त प्रविष्टियों का शाला दर्शन पोर्टल से सत्यापन पश्चात पोर्टल के माध्यम से ही कार्यमुक्त एवं कार्यग्रहण करवाया जाए, की पालना नहीं किए जाने अर्थात कार्मिक की स्थानान्तरित विद्यालय में शाला दर्शन, शाला दर्पण पोर्टल पर कार्यग्रहण प्रविष्टि नहीं किए जाने से कार्मिक के  स्थानान्तरण आदेश की पालना नहीं होने हुई है अर्थात कार्मिक की स्थानान्तरित विद्यालय में शाला दर्शन,शाला दर्पण पोर्टल पर कार्यग्रहण प्रविष्टि नहीं हुई है और कार्मिक को स्थानान्तरित विद्यालय,अन्य विद्यालय,कार्यालय में ऑफलाईन कार्यग्रहण करवाया गया है तो स्थानान्तरण आदेश की पालना नहीं हो सकने के कारण राज्य सरकार के उक्त आदेश के अनुसार कार्यवाही किया जाना सुनिश्चित करें। स्थानान्तरित कार्मिक के स्थानान्तरण से पूर्व विद्यालय में ही नियमानुसार समायोजन के लिए पद रिक्त होने पर कार्यमुक्ति अपडेट करवाते हुए स्थानान्तरण से पूर्व विद्यालय में ही कार्यग्रहण प्रविष्टि करवाया जाना सुनिश्चित कराने के भी निर्देश दिए हैं। स्थानान्तरण से पूर्व विद्यालय में समायोजन के लिए पद रिक्त नहीं होने पर शाला दर्पण प्रकोष्ठ, जयपुर, बीकानेर से कार्यमुक्ति निरस्त करवाकर स्थानान्तरण से पूर्व विद्यालय में मैपिंग सहित अधिशेष प्रविष्टि करवाया जाना सुनिश्चित करना होगा। उन्होंने बताया कि 5 जून तक इस तरह के आदेश की पालना नहीं करने वाले अधिकारी के विरूद्ध अनुशासनात्मक कार्यवाही की जाएगी। निर्देशांे के अनुसार शाला दर्पण पोर्टल पर स्वीकृत पद पर कार्यरत कार्मिक का ही वेतन आहरित किया जाएगा। किसी भी ऑफलाइन कार्यरत कार्मिक का वेतन आहरित नही किया जाएगा। संबंधित जिला शिक्षा अधिकारी की ओर से वेतन व्यवस्था के लिए जारी आदेश निदेशक की ओर से अनुमोदन पश्चात ही प्रभावी होगे। इसी तरह निलम्बित कार्मिक का जिस कार्यालय में मुख्यालय किया गया है कार्मिक की शाला दर्पण पोर्टल पर उसी कार्यालय में ही प्रविष्टि होगी। यदि कोई विद्यालय शाला दर्पण पोर्टल पर प्रदर्शित नहीं हो रहा है, क्रमोन्नत नहीं हुआ है तो शाला दर्पण प्रकोष्ठ बीकानेर, जयपुर से समन्वय करके शाला दर्पण पोर्टल पर प्रदर्शित, क्रमोन्नत करवाएं तथा विद्यालय का स्टाफिंग पैर्टन जनरेट, रिजनरेट करवाया जाएगा। साथ ही इस कारण कोई कार्मिक पोर्टल पर ऑन-लाईन कार्यग्रहण नहीं कर सका हो तो कार्मिक की ऑन-लाईन कार्यग्रहण प्रविष्टि करवाया जाना सुनिश्चित करनी होगी। सीधी भर्ती से नवचयनित कार्मिक का जिस मैपिंग किए हुए कार्मिक के स्थान पर पदस्थापन हुआ है उस मैपिंग किए हुए कार्मिक को शाला दर्पण प्रकोष्ठ जयपुर से अधिशेष करवाकर मैपिंग करवाया जाकर नवचयनित कार्मिक को शाला दर्पण पोर्टल कर कार्यग्रहण करवाया जाएगा। जारी निर्देशों के अनुसार प्रारम्भिक शिक्षा से माध्यमिक शिक्षा में संबंधित पद एवं विषय में समायोजित कार्मिकों में से जिले में कार्यग्रहण तिथि के आधार पर कनिष्ठतम कार्मिक से जिले में अधिक ठहराव(वरिष्ठ)वाले प्रारम्भिक शिक्षा में कार्यरत राजस्थान अधीनस्थ शिक्षा सेवा नियम के 6 डी के तहत सेटअप परिवर्तित एवं राजस्थान अधीनस्थ शिक्षा सेवा नियम 1971 के तहत नियुक्त शहरी एवं ग्रामीण क्षेत्र के अध्यापकों की वर्तमान जिले में कार्यग्रहण तिथि की वरीयतानुसार मिश्रित सूची शाला दर्पण पोर्टल द्वारा तैयार कर 5 जून तक जिला शिक्षा अधिकारी (मुख्यालय) माध्यमिक शिक्षा को माध्यमिक शिक्षा में समायोजन के लिए सुपुर्द करना होगा। साथ ही जिला शिक्षा अधिकारी मुख्यालय माध्यमिक शिक्षा को 7 जून तक काउंसलिंग के जरिए माध्यमिक शिक्षा में समायोजित सुनिश्चित करना होगा।

पशुपालकों को पशुओं को गर्मी से बचाने के लिए सलाह

बाड़मेर, 04 जून। प्रदेश में पशुधन को भीषण गर्मी, लू एवं तापमान के दुष्प्रभावों से बचाने के लिए पशुपालन विभाग की ओर से पशुपालकों को एहतियात बरतने की सलाह दी गई है। तेज गर्म मौसम तथा तेज हवाओं का प्रभाव पशुओं की सामान्य दिनचर्या को प्रभावित करता है, इससे उनके बीमार पड़ने की संभावनाएं बढ़ जाती हैं। 
पशुपालन विभाग की ओर से पशुपालकों को सलाह दी गई है कि भीषण गर्मी की स्थिति में पशुधन को सुरक्षित रखने के लिए ठंडा एवं छायादार पशु आवास, स्वच्छ पीने के पानी पर ध्यान दिए जाने की जरूरत है। तेज गर्मी से बचाव प्रबंधन में जरा सी लापरवाही से पशु को लू नामक रोग हो जाता है, जिससे पशु की मृत्यु भी हो सकती है। पशुपालकों को सलाह दी गई है कि वे पशु आवास के लिए पक्के निर्मित मकानों की छत पर सूखी घास या कडबी रखे। ताकि छत को गर्म होने से रोका जा सके। लू लगने पर पशुओं को प्याज का रस एवं पानी तथा बर्फ की पट्टियां रखनी चाहिए। बीमारी के लक्षण दिखाई देने पर तुरन्त नजदीकी पशु चिकित्सक से संपर्क कर पशु का उपचार करवाएं। ताकि पशुधन तथा उसके उत्पादन में होने वाली हानि से बचा जा सके। गर्मी से बचाने के लिए पशुओं को प्रतिदिन ठण्डे पानी से भी नहलाए, रात में पशुओं को खुले में बांधने तथा दिन में आवश्यकता के अनुसार स्वच्छ पानी पिलाने तथा ठंडे पानी में नहलाने की सलाह दी गई है।

आपदा प्रबंधन प्राधिकरण की समीक्षा बैठक 7 को

बाड़मेर, 04 जून। दक्षिणी-पश्चिमी मानसून 2019 की पूर्व तैयारी के लिए आपदा प्रबन्धन प्राधिकरण की बैठक 7 जून को प्रातः 4 बजे कलक्ट्रेट कांफ्रेन्स हॉल में आयोजित होगी।
अतिरिक्त जिला कलक्टर राकेश कुमार शर्मा ने विभागीय अधिकारियों को आपदा प्रबन्धन संबंधित कार्य योजना के साथ निर्धारित समय पर बैठक में अनिवार्य रूप से उपस्थित होने के निर्देश दिए है।

जून माह मंे आयोजित होने वाली बैठकांे का कार्यक्रम घोषित

बाड़मेर, 04 जून। जून माह मंे जिला कलक्टर हिमांशु गुप्ता की अध्यक्षता मंे आयोजित होने वाली बैठकांे का कार्यक्रम निर्धारित कर दिया गया है। संबंधित अधिकारियांे को आवश्यक सूचनाआंे के साथ उपस्थित होने के निर्देश दिए गए है।
जिला कलक्टर हिमांशु गुप्ता ने बताया कि 7 जून को दोपहर 3 बजे जिला पेंशनर्स समिति की बैठक, 10 जून को दोपहर दोपहर 12.30 बजे जिला स्तरीय मध्यान्ह भोजन समीक्षा एवं संचालन समिति, जिला स्तरीय निष्पादन समिति, निजी विद्यालयांे मंे फीस निर्धारण के लिए जिला स्तरीय समिति, सांय 4 बजे बागवानी विकास समिति आत्मा एवं कृषि विकास समिति की बैठक होगी। उन्हांेने बताया कि 14 जून को जिला स्तरीय जन सुनवाई एवं सतर्कता समिति की बैठक का आयोजन जिला स्तरीय भारत निर्माण राजीव गांधी सेवा केन्द्र मंे होगा। इसी तरह 17 जून को दोपहर 12.30 बजे जिला स्तरीय समीक्षा बैठक एवं आरसेटी की बैठक, दोपहर 3 बजे अनुसूचित जाति, अनुसूचित जन जाति अत्याचार निवारण समिति, महिलाआंे पर अत्याचार, पुलिस अभियोजन समन्वय, जिला पैरोल सलाहकार समिति तथा सांय 5 बजे जिला बाल संरक्षण इकाई समिति की बैठक आयोजित होगी।
जिला कलक्टर गुप्ता ने बताया कि 20 जून को दोपहर 12.30 बजे जिला परिषद की ओर से संचालित समस्त विकास योजनाआंे, संपूर्ण स्वच्छता, सांसद, विधायक स्थानीय क्षेत्र विकास योजना मार्गदर्शन क्रियान्वयन एवं पर्यवेक्षण संबंधित समीक्षा बैठक आयोजित होगी। इसी दिन दोपहर 3 बजे जिला पर्यटन एवं मेला समिति तथा सांय 4 बजे जिला पर्यावरण समिति, परिसंकटमय अपशिष्टांे के व्ययन स्थल के चयन के लिए गठित समिति, राष्ट्रीय पक्षी मोर के शिकार की रोकथाम एवं संरक्षण के लिए जिला स्तरीय समिति की बैठक आयोजित होगी। उन्हांेने बताया कि 24 जून को दोपहर 12.30 बजे जिला स्वास्थ्य समिति, जिला सलाहकार समिति की बैठक, जिला स्तरीय क्वालिटी एश्योरेंस समिति, दोपहर 3 बजे नवजीवन योजना समिति, पालनहार योजना समिति, निःशक्त जन कल्याण शहरी एवं ग्रामीण समिति की बैठक तथा 27 जून को प्रातः 11 बजे एकीकृत सुरक्षा रेस्पोन्स समिति, दोपहर 12 बजे आतंरिक सुरक्षा समिति की बैठक एवं सांय 5 बजे जिला औद्योगिक सलाहकार समिति एवं जिला स्तरीय सर्वाधिकार समिति की बैठक आयोजित होगी। उन्हांेने बताया कि प्रत्येक बैठक के लिए नियुक्त सदस्य सचिव, प्रभारी अधिकारी को बैठक मंे उपस्थित होने वाले सदस्यांे को यथासमय बैठक का नोटिस जारी करने के निर्देश दिए गए है।

सोमवार, 3 जून 2019

1562 पशुओं के संरक्षण के लिए 10 शिविर स्वीकृत

बाड़मेर, 03 जून। अभावग्रस्त घोषित क्षेत्रों में लघु एवं सीमांत किसानों की ओर से अभाव अवधि के दौरान छोड़े गए पशुओं के संरक्षण के लिए दस पशु शिविर स्वीकृत किए गए है।
जिला कलक्टर हिमांशु गुप्ता ने बताया कि गडरारोड़ में द्राभा एवं खबड़ाला , गुड़ामालानी में लुंबावास, शिव में पूषड, बिसू खुर्द, अंबावाड़ी, निंबासर, सिणधरी में चाडो की ढाणी, गंगाली में पशु शिविर की स्वीकृति जारी की गई है। उन्होंने बताया कि इन शिविरों में 1357 बड़े एवं 205 छोटे कुल 1562 पशुओं का संरक्षण किया जा सकेगा।

अग्नि पीडि़त परिवार को सहायता राशि का चेक सौंपा

बाड़मेर, 03 जून। अग्नि पीडि़त परिवार को सेड़वा तहसीलदार सुनील कुमार कटेवा ने 4.14 लाख की सहायता राशि का चेक सौंपा।
चौहटन उपखंड अधिकारी वीरमा राम ने बताया कि जिला कलक्टर हिमांशु गुप्ता के निर्देशानुसार सेड़वा तहसीलदार ने परिजनों को ढाढस बंधाने के साथ सहायता राशि का चेक सौंपा। उन्होंने बताया कि 
जिला कलक्टर हिमांशु गुप्ता ने एक आदेश जारी कर डीडावा निवासी भंवराराम पुत्र आदूराम मेघवाल को राज्य आपदा मोचन निधि से 4 लाख 14 हजार 100 रूपए की आर्थिक सहायता की प्रशासनिक एवं वित्तीय स्वीकृति जारी की थी। उल्लेखनीय है कि एक जून को हुई आगजनी मंे भंवराराम की चार वर्षीय पुत्री की मृत्यु के साथ आवासीय क्षति हुई थी। इस पर चौहटन उपखंड अधिकारी की ओर से अभिशंषा के साथ जिला कलक्टर जो आर्थिक सहायता स्वीकृति करने के लिए प्रस्ताव भिजवाया गया था।

पट्टों पर स्टांप ड्यूटी में छूट की अवधि बढ़ाई, 31 जुलाई तक मिलेगा लाभ

बाड़मेर, 03 जून। राज्य सरकार,स्थानीय निकाय एवं राजकीय उपक्रम की ओर से आवंटित या बेची गई भूमि के पट्टों तथा राजस्थान भू-राजस्व अधिनियम, 1956 की धारा 90-ए के तहत स्थानीय निकायों एवं राजकीय उपक्रमों की ओर से नियमन के पश्चात जारी पट्टों पर स्टाम्प ड्यूटी में छूट का लाभ अब एक 31 जुलाई 2019 तक मिल सकेगा। 
राज्य सरकार की ओर से जारी अधिसूचना के अनुसार रियायत की अवधि के दौरान जारी पट्टों पर देय स्टाम्प ड्यूटी इस अवधि के बाद जारी होने वाले पट्टों पर देय स्टाम्प ड्यूटी से अधिक नहीं होगी। साथ ही रियायत की अवधि के बाद निष्पादित पट्टों पर स्टाम्प ड्यूटी प्रतिफल की राशि के 50 प्रतिशत या सम्पत्ति के बाजार मूल्य के 50 प्रतिशत दोनों में से जो भी अधिक हो, से अधिक नहीं होगी। रियायत का लाभ उप पंजीयक के समक्ष पंजीयन या रेफरेन्स के लिए लंबित तथा कलक्टर या अन्य न्यायालय के समक्ष निर्णयाधीन लंबित मामलों पर भी मिल सकेगा। लेकिन नियमानुसार भुगतान की जा चुकी स्टाम्प ड्यूटी का रिफण्ड देय नहीं होगा।

ऑपरेशन खुशी तृतीय विशेष अभियान 6 से

बाडमेर, 03 जून। गुमशुदा नाबालिक बच्चों की तलाश, बालश्रम की रोकथाम तथा बाल श्रमिकों को मुक्त करवाकर समाज में उनकी पुनर्स्थापना के लिए राज्य सरकार के निर्देशानुसार विशेष अभियान आपरेशन खुशी तृतीय 6 जून से 5 जुलाई तक संचालित किया जाएगा।
जिला पुलिस अधीक्षक राशि डोगरा डूडी ने अभियान के दौरान जिले में बालश्रम में लिप्त बच्चों की स्क्रीनिंग के लिए थानावार टीमों का गठन करने तथा रेस्क्यू टीमों के साथ महिला एवं बाल विकास विभाग, बाल अधिकारिता विभाग, सामाजिक कल्याण, बाल कल्याण समिति के सदस्यों एवं एनजीओं के प्रतिनिधियों से समन्वय स्थापित करते हुए आवश्यक कार्यवाही कर साप्ताहिक रिपोर्ट प्रेषित करने के निर्देश दिए है। 

अग्नि पीडितों को 2.59 लाख रूपए की आर्थिक सहायता स्वीकृत

बाड़मेर, 03 जून। उपखंड अधिकारियों की अभिशंषा सहित प्राप्त अग्नि प्रकरणों में अग्नि पीडितों को 259400 रूपये की राशि आर्थिक सहायता के रूप में भुगतान करने की प्रशासनिक एवं वितीय स्वीकृति प्रदान की गई है।
जिला कलक्टर हिमांशु गुप्ता ने बताया कि पचपदरा तहसील क्षेत्र में सिमालिया कालुडी निवासी आलाराम पुत्र मालाराम को 7900 रूपए की आर्थिक स्वीकृत की गई है। इसी तरह बाडमेर तहसील अन्तर्गत रामसर का कुआ निवासी भोपाराम पुत्र लाधाराम को 8200, हुकमाराम पुत्र भेराराम को 14100, मातासर निवासी खेमाराम पुत्र दुर्गाराम को 7900, रूपाराम पुत्र खरथाराम को 12000 , केरलीनाडी निवासी जगदीश भारती पुत्र रामभारती को 7900, मातासर निवासी चनणाराम पुत्र रावताराम को 7900 रूपये, हिन्दपुरा कपुरडी निवासी रमेशनाथ पुत्र केशनाथ को 4100 रूपये, रामदेवपुरा जाखडों की ढाणी निवासी ओमाराम पुत्र पूनमाराम को 20200 एवं सनावडा निवासी पाबुराम पुत्र हदाराम को 4100, सिणधरी तहसील अन्तर्गत भलखाडी निवासी नभु खां पुत्र तेजा खां को 12300,गुडामालानी तहसील अन्तर्गत ढेलाणी नाडी धोलानाडा निवासी देवाराम पुत्र सुरताराम को 12000, गादेवी निवासी छेलसिंह पुत्र बलवन्तसिंह को 4100,चौहटन तहसील अन्तर्गत उम्मेदपुरा केलनोर निवासी नारायणसिंह पुत्र खुशालसिंह को 12000, केरनाडा निवासी पुराराम पुत्र नरसिंगाराम को 4100, केलनोर निवासी मुकेश कुमार पुत्र पाराराम को 8200 ,कल्याणपुरा केलनोर निवासी पाबुसिुंह पुत्र चिमनसिंह को 12000 , गोपसिंह पुत्र नाथूसिंह को 8200 , केरनाडा निवासी सोनाराम पुत्र लुम्भाराम को 20200, करनाराम पुत्र नवलाराम को 12 हजार, आंटिया निवासी मोहन पुत्र हेराज को 4100, प्रेमसिंह की ढाणी देदुसर निवासी सोहनसिंह पुत्र राजूसिंह को 4100 , धनाड निवासी सुखाराम पुत्र खमाराम को 10000, मिठडाउ निवासी सवाईराम पुत्र बादराराम को 5200, बांकाणा धारासर निवासी बाबुगिरी पुत्र भीमगिरी को 8200, कोठे का तला धारासर निवासी हेमाराम पुत्र खेमाराम को 16100, हनुमान राम पुत्र हेमाराम को 8200 तथा रामदेरिया तला निवासी श्रीमती छगन कंवर पत्नी हिन्दूसिंह को 4100 रूपए आर्थिक सहायता के रूप में भुगतान करने की प्रशासनिक एवं वितीय स्वीकृति प्रदान की गई है।

अग्नि पीडि़त परिवार को 4.14 लाख की आर्थिक सहायता

बाड़मेर, 03 जून। अग्नि पीडि़त परिवार को राज्य आपदा मोचन निधि से 4.14 लाख रूपए की आर्थिक सहायता स्वीकृत की गई है।
जिला कलक्टर हिमांशु गुप्ता ने एक आदेश जारी कर डीडावा निवासी भंवराराम पुत्र आदूराम मेघवाल को राज्य आपदा मोचन निधि से 4 लाख 14 हजार 100 रूपए की आर्थिक सहायता की प्रशासनिक एवं वित्तीय स्वीकृति जारी की है। उल्लेखनीय है कि एक जून को हुई आगजनी मंे भंवराराम की चार वर्षीय पुत्री की मृत्यु के साथ आवासीय क्षति हुई थी। चौहटन उपखंड अधिकारी की अभिशंषा के आधार पर जिला कलक्टर ने आर्थिक सहायता की स्वीकृति जारी की।

विद्युत कटौती पर अंकु श के साथ जलापूर्ति सुनिश्चित करेंःगुप्ता

 बैठक मंे अनुपस्थित रहने पर पीडब्ल्यूडी के अधीक्षण अभियंता को कारण बताओ नोटिस जारी


बाड़मेर, 03 जून। बाड़मेर जिला मुख्यालय समेत पूरे जिले मंे विद्युत कटौती पर अंकुश लगाने के साथ जलापूर्ति सुनिश्चित की जाए। इसके लिए संबंधित विभागीय अधिकारी प्रभावी मोनेटरिंग करें। इस बारे मंे शिकायत मिलने पर तत्काल समाधान करते हुए आमजन को राहत पहुंचाई जाए। जिला कलक्टर हिमांशु गुप्ता ने सोमवार को जिला मुख्यालय पर बिजली, पानी संबंधित साप्ताहिक समीक्षा बैठक के दौरान विभागीय अधिकारियांे को निर्देशित करते हुए यह बात कही।
जिला कलक्टर हिमांशु गुप्ता ने कहा कि जिला मुख्यालय पर भी अनावश्यक बिजली कटौती संबंधित शिकायतंे प्राप्त हो रही है। उन्हांेने विशेष तौर पर गर्मी के मौसम को देखते हुए डिस्काम के अधीक्षण अभियंता एम.एल.जाट को प्रभावी मोनेटरिंग के साथ विद्युत कटौती नहीं हो, यह सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। जिला कलक्टर गुप्ता ने पिछले दिनांे क्षतिग्रस्त हुए विद्युत पोलांे एवं लाइनांे को दुरस्त करने, घरेलू तथा कृषि कनेक्शन प्राथमिकता से करवाने के लिए कहा। उन्हांेने नगर परिषद के अधिशाषी अभियंता को महावीर पार्क के सौन्दर्यकरण के कार्य मंे तेजी लाने, टॉय ट्रेन, ओपन जिम, एंडवेचर पार्क विकसित करने के साथ सेल्फी प्वाइंट स्थापित करने के निर्देश दिए। अधिशाषी अभियंता दिलीप माथुर ने बताया कि इसके लिए टेंडर आमंत्रित किए जा रहे है। जिला कलक्टर गुप्ता ने जलदाय विभाग के अधिकारियांे को बाड़मेर शहर समेत अन्य प्रभावित इलाकांे मंे नियमित रूप से जलापूर्ति सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। इस दौरान अधीक्षण अभियंता हेमंत चौधरी ने बताया कि 104 मंे से 60 टयूबवैल खोदे जा चुके है। जबकि कंटीजेंसी प्लान के तहत 36 मंे से 29 टयूबवैल खोदने के साथ 29 कमीशंड किए जा चुके है। सार्वजनिक निर्माण विभाग के अधिशाषी अभियंता महावीर बोहरा ने बताया कि राजकीय चिकित्सालय मंे सड़क निर्माण एवं अन्य सुविधाआंे के लिए 62 लाख के टेंडर आमंत्रित किए गए है। जिला कलक्टर ने मुख्य कार्यकारी अधिकारी मोहनदान रतनू को सीमांत क्षेत्र विकास कार्यक्रम के तहत फायरबिग्रेड एवं एंबूलैस तथा मनरेगा के तहत बेरियांे के जीर्णोद्वार के प्रस्ताव भिजवाने के लिए कहा। इस दौरान अतिरिक्त जिला कलक्टर राकेश कुमार शर्मा ने संपर्क पोर्टल पर दर्ज प्रकरणांे के संबंध मंे विभागवार सूचना देते हुए प्राथमिकता से निस्तारित करने के निर्देश दिए। बैठक के दौरान चिकित्सा एवं स्वास्थ्य विभाग, महिला एवं बाल विकास विभाग, सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता विभाग समेत अन्य विभागीय योजनाआंे एवं कार्यक्रमांे की प्रगति की समीक्षा करते हुए आवश्यक निर्देश दिए गए। जिला कलक्टर गुप्ता ने साप्ताहिक समीक्षा बैठक मंे बिना अनुमति अनुपस्थित रहने पर सार्वजनिक निर्माण विभाग के अधीक्षण अभियंता हरिकृष्ण को कारण बताओ नोटिस जारी करने के निर्देश दिए। उन्हांेने कहा कि आगामी बैठक मंे इसकी पुनरावृति होने पर इसको चार्जशीट मंे तब्दील किया जाएगा। इस दौरान जिला परिषद के मुख्य कार्यकारी अधिकारी मोहनदान रतनू, यूआईटी सचिव अंजुम ताहिर सम्मा, मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डा.कमलेश चौधरी, सूचना एवं प्रौद्योगिकी विभाग के उप निदेशक मोहनकुमारसिंह चौधरी, महिला एवं बाल विकास विभाग की उप निदेशक श्रीमती सती चौधरी, सांख्यिकी विभाग के सहायक निदेशक जसवंत गौड़, सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता विभाग के सहायक निदेशक सुरेन्द्र प्रतापसिंह समेत विभिन्न विभागीय अधिकारी उपस्थित रहे।


शनिवार, 1 जून 2019

राजस्व मंत्री चौधरी की जन सुनवाई रविवार को


बाड़मेर, 01 जून। राजस्व मंत्री हरीश चौधरी रविवार को बाड़मेर जिला मुख्यालय पर जन सुनवाई करने के बाद सांचौर जाएंगे।
निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार राजस्व मंत्री हरीश चौधरी रविवार को सुबह 9 से 10 बजे तक बाड़मेर जिला मुख्यालय पर जन सुनवाई करेंगे। इसके उपरांत उनका सांचौर के लिए प्रस्थान करने का कार्यक्रम निर्धारित है।

राहत प्रबंधों की प्रभावी मोनेटरिंग कर आमजन को राहत पहुंचाएं : गुप्ता


प्रभावित इलाकों में टैंकरों के जलापूर्ति शुरू करने के निर्देश

                बाड़मेर, 01 जून। राजस्व अधिकारी नियमित रूप से राहत प्रबंधों की प्रभावी मोनेटरिंग करते हुए आमजन को राहत पहुंचाएं। प्रभावित इलाकों में प्राथमिकता से टैंकरों के जरिए जलापूर्ति शुरू की जाए। जिला कलक्टर हिमांशु गुप्ता ने शनिवार को बाड़मेर जिला मुख्यालय पर कलेक्ट्रेट कॉन्फ्रेंस हॉल में राजस्व अधिकारियों की बैठक के दौरान यह बात कहीं।
                जिला कलक्टर हिमांशु गुप्ता ने कहा कि राजस्व अधिकारी राजस्व कार्यों एवं प्रशासनिक कार्यों पर विशेष ध्यान केंद्रित करते हुए आमजन को राहत पहुंचाने की दिशा में कार्य करें। उन्होंने कहा कि उपखंड अधिकारी एवं तहसीलदार प्रतिदिन जाति एवं मूल निवास प्रमाण पत्र जारी करें। ताकि सुदूर इलाकों से आने वाले लोगों को राहत मिल सके। जिला कलक्टर गुप्ता ने राजस्व अधिकारियों को राजस्व नक्शों के डिजिटलाइजेशन के कार्य को  त्वरित गति से करवाने के निर्देश दिए। उन्होंने जलदाय विभाग के अधिशासी अभियंताओं को नियमित रूप से सम्बन्धित उपखंड अधिकारी से संपर्क में रहने एवं जलापूर्ति सुनिश्चित करवाने के सम्बन्ध में आवश्यक निर्देश दिए। जिला कलक्टर गुप्ता ने कहा कि आगजनी एवं सड़क हादसों के मामलों में संवेदनशील रवैया अपनाते हुए सहायता राशि के प्रस्ताव समय पर भिजवाएं। ताकि उनको यथाशीघ्र राहत पहुंचाई जा सके। उन्होंने बैठक के एजेंडे के मुताबिक समीक्षा करते हुए राजस्व अधिकारियों से अब तक की प्रगति की विस्तार से जानकारी ली। उन्होंने भारतमाला प्रोजेक्ट से सम्बन्धित अवॉर्ड एक सप्ताह में जारी करने तथा कब्रिस्तान एवं श्मशान भूमि आवंटन के प्रस्ताव समस्त आवश्यक दस्तावेजों के साथ भिजवाने के निर्देश दिए। बैठक के दौरान जिला कलक्टर हिमांशु गुप्ता ने कार्य में लापरवाही बरतने वाले राजस्व अधिकारियों को नोटिस भी जारी करने के निर्देश दिए। इस दौरान अतिरिक्त जिला कलक्टर राकेश कुमार शर्मा ने कहा कि राजस्व अधिकारी संवेदनशीलता के साथ कार्य करें। उन्होंने विधानसभा प्रश्न एवं अन्य आवश्यक सूचनाएं समय पर भिजवाने के निर्देश दिए। बैठक के दौरान राजस्व प्रकरणों को निस्तारित करने, भू राजस्व वसूली, 16 एवं 17 सीसीए के प्रकरणों को निस्तारित करने के सम्बन्ध के आवश्यक निर्देश दिए गए। इस दौरान उपखंड अधिकारी एवं तहसीलदारों के साथ विभिन्न विभागीय अधिकारी उपस्थित रहे।




वन्य जीव शिकार के मामलों में प्रभावी पैरवी करें : विश्नोई


वन्य जीव संरक्षण के लिए मिलेगी रेस्क्यू वाहनों की सौगात

                बाड़मेर, 01 जून। वन्य जीव शिकार के मामलों में प्रभावी पैरवी करते हुए शिकारियों को सजा दिलाने का प्रयास करें। इसमें किसी तरह की कौताही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। वन एवं पर्यावरण, खाद्य नागरिक आपूर्ति तथा उपभोक्ता अधिकार मामले राज्य मंत्री सुखराम विश्नोई ने शनिवार को बाड़मेर जिला मुख्यालय पर कांफ्रेंस हॉल में विभागीय अधिकारियों की बैठक के दौरान यह बात कही।
                इस दौरान वन एवं पर्यावरण राज्य मंत्री सुखराम विश्नोई ने कहा कि राज्य सरकार की मंशा के अनुरूप पारदर्शिता के साथ आमजन के कार्यों को प्राथमिकता से निपटाते हुए राहत पहुंचाएं। उन्होंने कहा कि वन विभाग कांटेदार के बजाय परम्परागत मरुस्थलीय पौधों जाल, कुमटिया, खेजड़ी का रोपण करें। उन्होंने फलदार पौधे लगाने के निर्देश दिए। उन्होंने इसके लिए अतिरिक्त बजट उपलब्ध करवाने का भरोसा दिलाया। राज्य मंत्री विश्नोई ने कहा कि वन क्षेत्र में लगे पौधों की मार्किंग करवाकर नंबर आवंटित किए जाएं। ताकि उनकी अवैध कटाई पर अंकुश लग सके। उन्होंने वन भूमि संरक्षण के लिए  विभागीय अधिकारियों को वन भूमि सम्बन्धित रिकॉर्ड संधारित करने एवं नियमित रूप से निरीक्षण करने के निर्देश दिए। राज्य मंत्री विश्नोई ने रसद विभाग के अधिकारियों को कार्य शैली सुधारने एवं उचित मूल्य दुकानों का नियमित रूप से निरीक्षण करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि एनएफएसए से अधिकाधिक लोगों को लाभान्वित कराया जाएं। वन विभाग के अधिकारियों की ओर से रेस्क्यू वाहनों की कमी होने के बारे में अवगत कराने पर जिला कलक्टर हिमांशु गुप्ता ने कहा कि सीमांत क्षेत्र विकास कार्यक्रम के तहत वाहन उपलब्ध करा दिए जाएंगे। बाड़मेर विधायक मेवाराम जैन ने वन एवं रसद विभाग से सम्बन्धित मामलों से अवगत कराया। उन्होंने कहा कि एनएफएसए  में अधिकाधिक लोगों को लाभान्वित करवाया जाएं। उप वन संरक्षक विक्रम प्रधान केसरी ने वन विभाग की कार्य प्रणाली एवं प्रगति के बारे में विस्तार से जानकारी दी। बैठक में जिला कलक्टर हिमांशु गुप्ता, पुलिस अधीक्षक राशि डोगरा डूडी, उप वन संरक्षक विक्रम प्रधान केसरी, सहायक वन संरक्षक उदाराम सियोल, जिला रसद अधिकारी सुरेन्द्र सिंह राठौड़, प्रवर्तन अधिकारी कंवरा राम चौधरी, जिला परिषद सदस्य फतेह मोहम्मद समेत विभिन्न विभागीय अधिकारी एवं जन प्रतिनिधि उपस्थित रहे।
स्मृति वन का अवलोकन किया : वन एवं पर्यावरण राज्य मंत्री विश्नोई ने जिला मुख्यालय पर वन विभाग की ओर से स्थापित किए गए स्मृति वन का अवलोकन किया। उन्होंने पौधारोपण करने के साथ नर्सरी का भी निरीक्षण किया। उन्होंने स्मृति पार्क में कैक्टस की विभिन्न प्रजातियों के बारे में जानकारी ली। इस दौरान बाड़मेर आगमन पर विधायक मेवाराम जैन ने विश्नोई का स्वागत किया।
झाखरड़ा में बनेगा पक्षी विहार : राज्य मंत्री विश्नोई ने बाड़मेर में पर्यटन के लिहाज से वन्य एवं पक्षी विहार बनाने के निर्देश दिए। इस पर उप वन संरक्षक विक्रम प्रधान केसरी ने बताया कि झाखरड़ा में पक्षी विहार बनाया जाएगा। इसकी कार्य योजना तैयार की गई है।
वन्य जीव रेस्क्यू सेंटर का निरीक्षण किया : वन एवं पर्यावरण राज्य मंत्री सुखराम विश्नोई ने धोरीमन्ना कस्बे में वन्य जीव रेस्क्यू सेंटर का निरीक्षण किया। उन्होंने वन्य जीव संरक्षण के सम्बन्ध में विभागीय अधिकारियों को आवश्यक निर्देश दिए।














गुरुवार, 30 मई 2019

सीमान्त क्षेत्र विकास कार्यक्रम

वार्षिक कार्ययोजना वर्ष 2019-20 के प्रस्ताव तत्काल भिजवाएं- गुप्ता


बाडमेर, 30 मई। जिला कलक्टर हिमांशु गुप्ता ने सीमान्त क्षेत्र विकास कार्यक्रम के अन्तर्गत वर्ष 2019-20 की कार्ययोजना तैयार करने के लिए कार्यकारी विभागों को तत्काल प्रस्ताव भिजवाने के निर्देश दिए है। उन्होने कहा कि पेयजल, सडक तथा शिक्षा क्षेत्र के प्रस्ताव प्राथमिकता के साथ भिजवाये जाए।
गुरूवार को कलक्ट्रेट कांफ्रेन्स हॉल में कार्यकारी विभागों के अधिकारियों की बैठक को सम्बोधित करते हुए जिला कलक्टर गुप्ता ने कहा कि विशेष समस्या वाले इलाकों में पेयजल पहुंचाना प्राथमिकता होनी चाहिए। उन्होने कहा कि सीमान्त क्षेत्र विकास कार्यक्रम के तहत बोर्डर एरिया में अधिकाधिक लोग लाभान्वित हो सकें, उसी अनुरूप प्रस्ताव तैयार किये जाए। 
जिला कलक्टर ने कहा कि सीमान्त क्षेत्र विकास कार्यक्रम के अन्तर्गत वर्ष 2019-20 की वार्षिक कार्ययोजना तैयार करने के लिये राज्य सरकार द्वारा बाड़मेर को गत वर्ष के समान   2710.90 लाख रूपये का प्रावधान दिया गया है, प्रावधान राशि मे से 10 प्रतिशत राशि बोर्डर गार्डिग फोसेज के लिए रक्षित की गई है। उन्होने कार्यकारी विभागों को वास्तविक आवश्यकता के अनुरूप प्राथमिकता चिन्हित करते हुए प्रस्ताव भिजवाने के निर्देश दिए। उन्होने डिस्कॉम के अधीक्षण अभियन्ता को जीएसएस निर्माण, मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी कमलेश चौधरी को चिकित्सा संस्थानों में चिकित्सा उपकरण एवं संसाधनों, शिक्षा विभाग के अधिकारियों को विद्यालयों में अतिरिक्त कक्षा कक्ष, कम्प्युटर लेब एवं स्टेडियम आदि के प्रस्ताव के भिजवाने के निर्देश दिए।
बैठक में शिव विधायक अमीन खां कहा कि केन्द्रीय भूजल बोर्ड द्वारा सरस्वती नदी बहाव क्षेत्र में सर्वे किया गया है, 1100 फीट पर पानी मीठा है, परीक्षण के तौर पर एक-एक टयुब वैल खोदा जाना चाहिए। उन्होने कहा कि बीकानेर, गंगानगर एवं जैसलमेर के बोर्डर क्षेत्रों में इन्दिरा गांधी नहर प्रवेश कर गई है, बाडमेर में पेयजल की बडी समस्या है तथा बीएडीपी का क्षेत्र बाडमेर मे भी है, अतः सरकार को प्रस्ताव भेजा जाए।
बैठक में जिला पुलिस अधीक्षक राशि डोगरा डूडी, जिला परिषद सदस्य फतेह खां, प्रधान तेजाराम कोडेचा, कुम्भाराम सेंवर, मुख्य कार्यकारी अधिकारी मोहनदान रतनू, उप वन संरक्षक विक्रम प्रधान केसरी सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी उपस्थित थे।



सदभावना के साथ राहत गतिविधियों का बेहतरीन संचालन करे-जैन

बाड़मेर, 30 मई। खान एवं गोपालन विभाग मंत्री प्रमोद जैन ‘भाया‘ ने कहा है कि अभाव ग्रस्त क्षेत्रों में मानवीय दृष्टिकोण अपनाते हुए सदभावना के साथ राहत गतिविधियों का बेहतरीन ढंग से संचालन करें। वे गुरूवार को कलक्ट्रेट कांफ्रेन्स हॉल में आयोजित बैठक को सम्बोधित कर रहे थे।
इस अवसर पर खान एवं गोपालन मंत्री जैन ने कहा कि बाड़मेर जिले में अकाल के हालात गम्भीर है, ऐसे में लोगों को राहत पहंुचाने के साथ अधिकाधिक पशुओं के संरक्षण के प्रयास किए जाए। उन्होने कहा कि माननीय मुख्यमंत्री अशोक गहलोत की भावना के अनुरूप पेयजल प्रबन्धन के साथ चारा डिपों एवं पशु शिविरों का संचालन किया जाकर लोगों को राहत पहुंचायी जाये। उन्होने कहा कि राहत गतिविधियों के संचालन में स्थानीय जन प्रतिनिधियों से विचार विमर्श कर कार्य संचालित करवाये जाये। उन्होने कहा कि राहत कार्यो से जुड़े सभी अधिकारी एवं कार्मिक अपनी जिम्मेवारी निष्ठा एवं मेहनत के साथ निभाए।
इस दौरान राजस्थान गौ सेवा समिति के प्रदेश उपाध्यक्ष रधुनाथ भारती ने कहा कि अकाल के दौरान पशु शिविरों एवं चारा डिपों में पर्याप्त पशु चारे की उपलब्धता रखी जाये। उन्होने कहा कि गौ वंश के संरक्षण के लिए अधिकाधिक सहयोग दिया जाना चाहिए। इस दौरान विधायक मेवाराम जैन एवं अमीन खान सहित जन प्रतिनिधियों ने पशु शिविरों में आवारा पशुओं को भी लिया जाने की बात कही। उन्होने लघु एवं सीमान्त कृषकों की सीमा में शिथिलता दी जाने के संबंध में सर्व सम्मति से प्रस्ताव भेजने को कहा।
बैठक में जिला कलक्टर हिमांशु गुप्ता ने जिले में संचालित राहत कार्यो की विस्तार के साथ जानकारी कराई। उन्होने कहा कि राहत गतिविधियों के तहत जिले में समस्याग्रस्त 797 स्थानों पर पेयजल परिवहन किया जा रहा है, पेयजल परिवहन कार्य की प्रतिदिन प्रभावी मॉनिटरिंग की जा रही है। उन्होने कहा कि जिले में पशु संरक्षण कार्यो के तहत 291 पशु शिविर स्वीकृत किये गये है जिनमें 204 पशु शिविर क्रियाशील है। इसी प्रकार 518 चारा डिपों स्वीकृत किये गये है जिनमें 412 संचालित किये जा रहे है।
बैठक में जिला पुलिस अधीक्षक राशि डोगरा डूडी, जिला परिषद सदस्य फतेह खां, गडरारोड प्रधान तेजाराम कोडेचा, चौहटन प्रधान कुम्भाराम सेंवर, मुख्य कार्यकारी अधिकारी मोहनदान रतनू, अतिरिक्त जिला कलक्टर राकेश कुमार शर्मा, उप वन संरक्षक विक्रम प्रधान केसरी, अधीक्षण अभियन्ता मांगीलाल जाट, हेमन्त चौधरी, हरिकिशन चामोली सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी उपस्थित थे।



बाड़मेर मेडिकल कॉलेज को अनुमति मिली,100 सीटों पर मिलेगा दाखिला

मेडिकल काउंसिल ऑफ इंडिया ने बाड़मेर के मेडिकल कॉलेज के लिए लेटर ऑफ परमिशन (एलओपी) जारी की


बाड़मेर, 30 मई। मेडिकल काउंसिल ऑफ इंडिया ने बाड़मेर के मेडिकल कॉलेज के लिए लेटर ऑफ परमिशन (एलओपी) जारी कर दी है। इससे बाड़मेर के मेडिकल कालेज में 100 एमबीबीएस सीटों पर प्रवेश की अनुमति मिल गई है।
जिला कलक्टर हिमांशु गुप्ता ने बताया कि एमसीआई की अनुमति मिलने से अब इसी सत्र 2019-20 से बाड़मेर के मेडिकल कॉलेज में 35 फीसदी सीटें सबके लिए खुली अर्थात ओपन, 35 फीसदी निर्धारित राशि प्रति सीट 7.5 लाख एवं 15 सीटें एनआईआर तथा 15 फीसदी आल इंडिया कोटे से भरी जाएगी। इन सब सीटों पर प्रवेश नीट मेरिट के आधार पर होगा। उनके मुताबिक एनआईआर कोटे के लिए बाड़मेर जिले में रहने वाले उनके रिश्तेदार विद्यार्थी पंजीकरण करवाते समय बाड़मेर मेडिकल कालेज का इंद्राज कर सकते है। ताकि उनको बाड़मेर कालेज आवंटित हो सके। 
उन्होंने बताया कि मेडिकल कॉलेज शुरू होने से बाड़मेर एवं जैसलमेर समेत अन्य आसपास के जिलों के लोगों को इसका फायदा मिलेगा। उल्लेखनीय है बाड़मेर मेडिकल कॉलेज को प्रारम्भ करवाने के लिए स्थानीय जनप्रतिनिधियों के साथ जिला कलक्टर हिमांशु गुप्ता, मेडिकल कॉलेज के प्रिंसिपल डॉ एन.डी.सोनी, प्रमुख चिकित्सा अधिकारी डॉ संजीव मित्तल, पूर्व प्रमुख चिकित्सा अधिकारी एवं प्रोफेसर डॉ बी.एल. मंसूरिया, डॉ अनूप सिंह गुर्जर के साथ अन्य कॉलेज स्टाफ तथा विभिन्न विभागीय अधिकारियों की ओर से लगातार विशेष प्रयास किए गए। पूरे देश के मेडिकल कॉलेजों में चलने वाले पाठ्यक्रमों को मंजूरी देने वाली कार्यदायी संस्था भारतीय चिकित्सा परिषद (मेडिकल काउंसिल ऑफ इंडिया) के सदस्यीय पैनल ने कुछ समय पूर्व
बाड़मेर के मेडिकल कॉलेज का दौरा किया था। इस दौरान पैनल ने पूरे मेडिकल कॉलेज का बेहद गहनता से निरीक्षण करने के पश्चात रिकॉर्ड चेक करने के साथ प्रस्तावित एमबीबीएस सत्र से जुड़े हर पहलू को बारीकी से देखा था। इसका सुखद परिणाम मेडिकल कालेज की अनुमति के रूप में प्राप्त हुआ । 
मेडिकल कालेज का भवन तैयारः बाड़मेर मेडिकल कॉलेज की बिल्डिंग तैयार है। फिनीशिंग का काम अंतिम दौर में है। छात्र-छात्राओं को रहने के लिए हॉस्टल, नर्सिंग हॉस्टल और स्टाफ क्वाटर भी बनाए गए हैं। इसके अलावा जिला मुख्यालय पर राजकीय चिकित्सालय में 300 बेड का अस्पताल सुचारू रूप से संचालित किया जा रहा है।
अनुमति मिलने पर स्वागत जतायाः जिला एवं मेडिकल कॉलेज प्रशासन ने एमसीआई की अनुमति मिलने का स्वागत करते हुए इसे मेडिकल की पढ़ाई करने वाले विद्यार्थियों के भविष्य के अच्छा कदम बताया। मेडिकल कॉलेज के प्राचार्य डॉ एन.डी.सोनी ने बताया कि एमसीआई की ओर से बाडमेर कॉलेज में एमबीबीएस का प्रथम सत्र संचालित करने के लिए अधिकृत आदेश प्राप्त हो गया है। इससे अब बाडमेर में एमबीबीएस का प्रथम सत्र शुरू हो जाएगा। उन्होंने बताया कि बाड़मेर में 100 सीटों को नीट मेरिट के आधार पर भरा जाना है।
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लोकसभा आम चुनाव को लेकर 24 से 26 अप्रैल तक सूखा दिवस घोषित

बाड़मेर, 26 मार्च। आबकारी विभाग के संयुक्त शासन सचिव के निर्देशानुसार लोकसभा आम चुनाव 2024 के परिपेक्ष्य में सम्पूर्ण बाड़मेर व बालोतरा जिले म...