गुरुवार, 7 जून 2018

ऋण माफी योजना किसानांे के लिए वरदान साबित होगीः बिश्नोई


पादरड़ी मंे 619 किसानांे को 1 करोड़ 50 लाख के ऋण माफी के प्रमाण पत्र वितरित

                बाड़मेर, 07 जून। ऋण माफी योजना किसानांे के लिए वरदान साबित होगी। प्रदेश के किसानांे को सम्मानजनक जीवन के साथ आर्थिक रूप से सशक्त बनाने के लिए राज्य सरकार ने ऋण माफी की पहल की है। संसदीय सचिव एवं गुड़ामालानी विधायक लादूराम विश्नोई ने गुरूवार को पादरड़ी ग्राम सेवा सहकारी समिति मुख्यालय पर आयोजित ऋण माफी प्रमाण पत्र वितरण शिविर के दौरान संबोधित करते हुए यह बात कही।
                इस अवसर पर संसदीय सचिव लादूराम विश्नोई ने कहा कि किसानांे के कल्याण के लिए राज्य सरकार ने कई योजनाएं प्रारंभ की है। उन्हांेने कहा कि राज्य सरकार किसानों के सुख-दुःख में हमेशा साथ रही है। फसल बीमा योजना का सर्वाधिक लाभ प्रदेश के किसानों को दिया गया है। उन्होंने बताया कि ऋण माफी के साथ ऋण की नवीन स्वीकृति एवं 5 लाख से बढाकर 10 लाख रूपए का बीमा कवर किसानों को दिया जा रहा है। उन्हांेने बताया कि वर्ष 2015-16 मंे गुड़ामालानी क्षेत्र की 70 ग्राम पंचायतांे मंे 556 करोड़ की सहायता राशि वितरित करवाई गई। उन्हांेने कहा कि किसानों को खेती के तौर-तरीकों में परिवर्तन करके सरकार की योजनाओं का लाभ लेने के लिए जागरूक होना होगा। शिविर मंे पादरड़ी ग्राम सेवा सहकारी समिति क्षेत्र के 619 किसानांे को 1 करोड़ 50 लाख रूपए के ऋण माफी के प्रमाण पत्र वितरित किए गए। इस दौरान दी बाड़मेर सेट्रल कापरेटिव बैंक के प्रबंध निदेशक शु़द्वोदन उज्वल ने कहा कि किसान कल्याण की योजनाओं सेे जीवन स्तर में सुधार हुआ है। उन्होंने सहकारिता को किसानों का सबसे बडा हितैषी बताते हुए कहा कि इससे किसान आत्मनिर्भर बन सकेंगे। उन्होंने बताया कि भामाशाह योजना के माध्यम से किसानों के बैक खातों में अनुदान योजनाओं का सीधा भुगतान हुआ है। उन्हांेने ऋण माफी योजना के बारे मंे विस्तार से जानकारी दी। इस दौरान अधिशाषी अधिकारी एच.आर. वरिष्ठ प्रबंधक ए.आर.चौधरी, पादरड़ी ग्राम सेवा सहकारी समिति के अध्यक्ष लालाराम, सिंधासवा ग्राम पंचायत के सरपंच गोपालसिंह, भीमाराम, नवाराम, पुरखाराम, पूराराम समेत विभिन्न गणमान्य नागरिक उपस्थित रहे।





अधिक पारदर्शिता के साथ कृषि कनेक्शन देना होगा आसान कृषि कनेक्शन नीति-2017 में संशोधन

                बाड़मेर, 07 जून। राज्य सरकार ने किसानों की सुविधा को ध्यान में रखते हुए नई कृषि कनेक्शन नीति-2017 के विभिन्न प्रावधानों में संशोधन किए हैं। इन संशोधनों से इस नीति में अधिक पारदर्शिता आएगी और कृषि कनेक्शन देना आसान होगा।
नए संशोधन के अनुसार पारदर्शिता के प्रत्येक वर्ष अप्रैल के प्रथम सप्ताह में उपखंडवार सभी 11 केवी फीडरों के वोल्टेज रेगुलेशन की सूचना डिस्कॉम की वेबसाइट पर उपलब्ध कराई जाएगी।
निकटतम ब्लॉक सप्लाई वाले 11 केवी फीडर से ही कनेक्शनः कृषि कनेक्शन आवेदक को उसके कुएं व बोरिंग से न्यूनतम दूरी वाले निकटतम ब्लॉक सप्लाई 11 के.वी. फीडर से ही जारी किये जावेंगे। लेकिन ऐसे स्थान जहां पर ब्लॉक सप्लाई फीडर दूरस्थ स्थित है व 24 घंटे सप्लाई वाला फीडर पास में स्थित है ऐसी स्थिति में न्यूनतम दूरी वाले 24 घंटे सप्लाई फीडर से कृषि कनेक्शन दिये जा सकेंगे जिसकी स्वीकृति अधीक्षण अभियन्ता पवस की ओर से यह सत्यापित किए जाने के पश्चात जारी की जावेगी कि सम्बन्धित कनेक्शन को तकनीकी एवं आर्थिक रूप से ब्लॉक सप्लाई फीडर से दिया जाना साध्य नहीं है। यदि न्यूनतम दूरी वाला फीडर तकनीकी रूप से साध्य नहीं है तो फीडर सुधार करने के पश्चात ही कृषि कनेक्शन देय होगा।
दस प्रतिशत से अधिक वोल्टेज रेगुलेशन होने पर फीडर सुधार के बाद ही कनेक्शनः 11 के.वी. फीडर पर वोल्टेज रेगुलेशन 8 प्रतिशत से अधिक होने पर डिमाण्ड नोटिस जारी करने के उपरान्त सम्बन्धित सहायक अभियन्ता फीडर के सिस्टम सुधार की योजना बना कर सक्षम अधिकारी से स्वीकृति लेकर छः माह की अवधि में सिस्टम में सुधार करने के उपरान्त ही आवेदक को कनेक्शन जारी करेगा। डिमाण्ड नोटिस जारी होने के छः माह की अवधि समाप्त होने के बाद यदि फीडर की सिस्टम सुधार की योजना पूर्ण नहीं होती है तो वोल्टेज रेगुलेशन 8 प्रतिशत से अधिक व 10 प्रतिशत तक होने पर कृषि कनेक्शन जारी कर दिये जायेंगे किन्तु 10 प्रतिशत से अधिक वोल्टेज रेगुलेशन होने पर कनेक्शन फीडर सुधार के बाद ही जारी किए जाएंगे।
सामान्य योजना में विभिन्न संवर्गों के आवेदकों को मिलेगी अधिभावी प्राथमिकताः सामान्य योजना के अन्तर्गत निम्न संवर्गों के आवेदकों को तीन वर्ष की अधिभावी प्राथमिकता प्रदान की जाएगी बशर्ते भूमि का स्वामित्व जिस पर कनेक्शन के लिए आवेदित किया गया है, कम से कम उसके नाम दो वर्ष से है। मांग पत्र व कनेक्शन जारी करने की प्राथमिकता पूर्व के नियमानुसार रहेगी। अधिभावी प्राथमिकता का लाभ इस अनुच्छेद में वर्णित आवेदकों को एक बार ही एक कनेक्शन पर देय होगा। इसमंे कार्यरत या भूतपूर्व सैनिक या उसकी पत्नी, राष्ट्रपति पुलिस पदक या राष्ट्रपति द्वारा प्रदत्त पुलिस पदक  कार्मिक, शारीरिक रूप से 40 प्रतिशत या इस से अधिक विकलांग, निगम कर्मचारी, गरीबी रेखा से नीचे जीवनयापन करने वाले लघु सीमान्त किसान जो 5 एचपी तक के कृषि कनेक्शन के लिए आवेदन करते हैं।
इन्दिरा गांधी नहर परियोजना की मुख्य नहर के दोनों तरफ एक किलोमीटर की दूरी में जहां सेम की समस्या है, वहां 5 एच.पी. तक कृषि कनेक्शन के लिए आवेदन करने वाले कृषकों को इसके लिये आवेदक को सम्बन्धित विभाग से आशय का सत्यापित प्रमाण पत्र प्रस्तुत करना होगा। इस कोटे में 3 वर्ष की प्राथमिकता का लाभ प्राप्त करने वाले उपभोक्ता कृषि कनेक्शन में भार वृद्धि उस क्षेत्र में उनकी प्राथमिकता के समकक्ष सामान्य कृषि योजना के कृषि कनेक्शन जारी होने की तिथि अथवा कृषि कनेक्शन जारी होने से अधिकतम 3 वर्ष की समयावधि पूर्ण होने की तिथि जो भी पहले आएगी। उस तिथि के पश्चात् करवा सकेंगे।
कृषि कनेक्शन ट्रांसफर नियम में बदलावः वर्तमान स्थान पर नाम बदलवाने पर स्थानान्तरण 2 वर्ष तक नहीं होगा, किन्तु पिता की मृत्यु होने पर उसके वारीसों के नाम फोती नामान्तरण होेने पर कृषि कनेक्शन स्थानान्तरण कर दिया जाएगा। वर्तमान आवेदक या उपभोक्ता द्वारा कनेक्शन होने से पूर्व अथवा बाद में एक बार स्थान परिवर्तन के पश्चात् पुनः स्थानान्तरण 2 वर्ष तक नहीं होगा।

सिवाना मंे ऋण माफी प्रमाण पत्र वितरण शिविर शुक्रवार को


                बाड़मेर, 07 जून। सिवाना ग्राम सेवा सहकारी समिति मुख्यालय पर शुक्रवार को ऋण माफी प्रमाण पत्र वितरण शिविर आयोजित होगा। इस दौरान किसानों को ऋण माफी प्रमाण पत्र वितरित किए जाएंगे।
दी बाड़मेर सेट्रल कापरेटिव बैंक के प्रबंधक निदेशक शु़द्वोदन उज्वल ने बताया कि पूर्व मंे निर्धारित शिविरांे के कार्यक्रम मंे संशोधन कर दिया गया है। अब प्रत्येक दिन निर्धारित कार्यक्रम अनुसार एक ग्राम सेवा सहकारी समिति मुख्यालय पर ऋण माफी प्रमाण पत्र वितरण शिविर का आयोजन होगा।

शुक्रवार को 11 ग्राम पंचायतांे मंे होगा राजस्व लोक अदालतांे का आयोजन


                बाड़मेर, 07 जून। राजस्व लोक अदालत अभियान के तहत शुक्रवार को 11 ग्राम पंचायत मुख्यालयों पर राजस्व लोक अदालतांे का आयोजन किया जाएगा।
                जिला कलक्टर शिवप्रसाद मदन नकाते ने बताया कि शुक्रवार को बाड़मेर उपखण्ड क्षेत्र में ग्राम पंचायत सूरा, शिव उपखंड मंे ग्राम पंचायत आसाड़ी, बायतू उपखंड मंे ग्राम पंचायत नोसर, धोरीमन्ना मंे दूधू ग्राम पंचायत के अटल सेवा केन्द्र मंे राजस्व लोक अदालत शिविर आयोजित होगा। इसी तरह धोरीमन्ना उपखंड की खुमे की बेरी ग्राम पंचायत के राउप्रावि खुमे की बेरी, सिवाना उपखंड मंे ग्राम पंचायत खंडप एवं सरवड़ी चारणान, चौहटन उपखंड के कापराउ एवं सेड़वा उपखंड के साता ग्राम पंचायत के अटल सेवा केन्द्र, बालोतरा उपखंड की भाखरसर एवं नयापुरा ग्राम पंचायत मुख्यालय पर राजस्व लोक अदालत शिविर आयोजित होगा।

आवश्यक वस्तूआंे का स्टाक आरक्षित रखने के निर्देश


                बाड़मेर, 07 जून। जिला कलक्टर शिवप्रसाद मदन नकाते ने एक आदेश जारी कर जिले मंे अतिवृष्टि एवं बाढ़ की स्थिति के दौरान आवश्यक वस्तुआंे का स्टाक आरक्षित रखने के निर्देश दिए है।
                जिला रसद अधिकारी जितेन्द्रसिंह नरूका ने बताया कि जिला कलक्टर ने जिले के समस्त रिटेल आउटलेट, द्रवित पेट्रोलियम गैस एजेंसियांे, केरोसीन तथा जिले मंे कार्यरत खाद्यान्न थोक विक्रेता एवं समस्त उचित मूल्य दुकानदारांे को आवश्यक वस्तुआंे का स्टाक आरक्षित रखने के निर्देश दिए है। इसके तहत प्रत्येक रिटेल आउटलेट पेट्रोल पंप पर डीजल 1000 लीटर, पेट्रोल 500 लीटर, प्रत्येक गैस एजेंसी पर 50 सिलेंडर, प्रत्येक केरोसीन थोक विक्रेता 5000 लीटर केरोसीन, राराखानाआनि नागरिक आपूर्ति प्रबंधक को 500 क्विंटल गेहूं, प्रत्येक उचित मूल्य दुकानदार को 100 लीटर केरोसीन एवं 1 क्विंटल खाद्य सुरक्षा गेहूं आरक्षित रखना होगा। उनके मुताबिक किसी भी अनुज्ञा पत्रधारी की ओर से स्टाक आरक्षित नहीं रखे जाने की स्थिति को गंभीरता से लेते हुए दोषी के विरूद्व आवश्यक वस्तु अधिनियम के तहत कार्यवाही की जाएगी। यह आदेश 30 सितंबर तक प्रभावी रहेगा।

एमजेएसए मंे सहयोग के लिए सामाजिक संगठनांे की बैठक 11 को


बाड़मेर, 07 जून। मुख्यमंत्री जल स्वावलंबन अभियान के तृतीय चरण मंे सहयोग एवं भागीदारी प्राप्त करने के लिए 11 जून को सांय 4 बजे होटल कैलाश इंटरनेशनल मंे सामाजिक संगठनांे की एक दिवसीय कार्यशाला रखी गई है।
                जिला कलक्टर शिवप्रसाद मदन नकाते ने बताया कि इस कार्यशाला मंे विभिन्न कंपनियांे, सामाजिक एवं व्यवसायिक संगठनांे, स्वयंसेवी संस्थाआंे के प्रतिनिधियांे को आमंत्रित किया गया है।

ई-सखी योजना के क्रियान्यवन मंे महत्वपूर्ण भूमिका निभाएं: नकाते


ई-सखियांे को राज्य सरकार की ओर से इलेक्ट्रोनिक माध्यम से सेवा प्रदायगी की विभिन्न योजनाआंे के बारे मंे विस्तार से जानकारी देने के निर्देश

                बाड़मेर, 07 जून। आरकेसीएल केन्द्र संचालक ई-सखी योजना के क्रियान्वयन के महत्वपूर्ण भूमिका निभाएं। ई-सखियांे को राज्य सरकार की ओर से संचालित विभिन्न जन कल्याणकारी योजनाआंे जिनकी सेवा प्रदायगी इलेक्ट्रोनिक माध्यमों से होती है, की विस्तार से एवं व्यावहारिक जानकारी दी जाए। ताकि वे अधिकाधिक लोगांे को इनकी जानकारी से लाभांवित करवा सके। जिला कलक्टर शिवप्रसाद मदन नकाते ने सूचना एवं प्रौद्योगिकी विभाग की ओर से आयोजित ई-सखी योजनान्तर्गत आरकेसीएल केन्द्र संचालकांे के दो दिवसीय जिला स्तरीय प्रशिक्षण के समापन के अवसर पर यह बात कही।
                जिला कलक्टर शिवप्रसाद मदन नकाते ने कहा कि राज्य सरकार ने जन कल्याणकारी योजनाआंे के इलेक्ट्रोनिक सेवा प्रदायगी के प्रयास से अधिकाधिक लोगांे को जोड़ने तथा डिजिटल साक्षरता को बढ़ावा देने के उददेश्य से ई-सखी योजना प्रारंभ की गई है। इसका सफल क्रियान्वय तभी संभव होगा जब आरकेसीएल केन्द्र संचालक एवं अपने-अपने क्षेत्रों में ई-सखियांे को इसके बारे में पूर्ण व्यावहारिक जानकारी उनके प्रशिक्षण के दौरान उन्हें प्रदान करे। उन्हांेने केन्द्र संचालकांे को इस महत्वपूर्ण योजना से जुड़ने की बधाई देते हुए कहा कि वे ई-साक्षरता के विविध पहलूआंे के बारे मंे ई-सखियांे को इस प्रकार से प्रशिक्षित करें, ताकि वे आगे जिले के प्रत्येक गांव एवं ढाणी में बसे गरीब एवं ग्रामीण तबके एवं विशेषकर महिलाओं को इन योजनाओं की लाभ प्राप्ति में आने वाली व्यावहारिक समस्याओं का समाधान हो सके। तभी राज्य सरकार की ई-सखी की परिकल्पना सही मायने में सफल हो पाएगी। उन्हांेने जननी सुरक्षा योजना, राजश्री योजना, भामाशाह योजना, भामाशाह नामांकन एवं आधार सीडिंग, सामाजिक सुरक्षा योजनाआंे के बारे मंे विस्तार से संभागियांे को जानकारी दी। उन्हांेने निर्देश दिए कि संबंधित केन्द्र संचालक ई-मित्रांे का संचालन निर्धारित स्थान पर करें। उन्हांेने कहा कि किसी प्रकार की अनियमितता अथवा अधिक रूपए वसूलने की शिकायत मिलने पर ई-मित्र केन्द्र संचालकांे के खिलाफ प्रभावी कार्रवाई की जाएगी। उन्हांेने संभागियांे से दो  दिवसीय प्रशिक्षण के विभिन्न पहलूओं के बारे मंे विस्तार से जानकारी ली। सूचना एवं प्रौद्योगिकी विभाग के उप निदेशक मोहन कुमार चौधरी ने बताया कि ई-सखी योजना के तहत प्रत्येक गांव में 5-5 तथा शहरी क्षेत्रों के प्रत्येक वार्ड में 10 ई-सखी बनाई जाएंगी। यह प्रशिक्षण के उपरांत प्रत्येक ई-सखी 100 महिलाओं को सरकार की डिजिटल योजनाओं की जानकारी देकर लाभांवित करवाएगी। इस दौरान सांख्यिकी विभाग के सहायक निदेशक जसवंत गौड़ ने दो दिवसीय प्रशिक्षण के बारे मंे विस्तार से जानकारी दी। उन्हांेने बताया कि प्रशिक्षण के दौरान आई टी का सामान्य जीवन में व्यावहारिक उपयोग, राज्य सरकार की महत्वपूर्ण योजनाओं जैसे  भामाशाह योजना, भामाशाह स्वास्थ्य बीमा योजना, सामाजिक सुरक्षा पेंशन योजना, ई-मित्र, ई. पी.डी.एस. योजना, राजधरा पोर्टल, राज सम्पर्क पोर्टल के बारे में जानकारी दी गई। इस दौरान आनलाइन परीक्षा मंे प्रथम दस स्थानांे पर रहे सुभाष कंप्यूटर एज्यूकेशन एकेडमी, मां जगदम्बा कंप्यूटर एज्यूकेशन, मां कृपा कंप्यूटर एज्यूकेशन, रायल कंप्यूटर्स, श्रीराम कंप्यूटर एकेडमी, मां जगदम्बा कंप्यूटर एज्यूकेशन एकेडमी, मदर्स कंप्यूटर सेंटर, थार कंप्यूटर एज्यूकेशन, जय अंबे कंप्यूटर एज्यूकेशन के संचालकांे को स्मृति चिन्ह देकर सम्मानित किया गया। दो दिवसीय प्रशिक्षण अलग-अलग सत्रों में मास्टर ट्रेनर ब्लॉक सांख्यिकी अधिकारी लालाराम चौधरी, दीपाराम, नेमाराम, प्रोग्रामर कमलेश कुमार, सूचना सहायक संजय कुलदीप, प्रदीप चावला, द्वारा प्रदान किया गया। इस अवसर पर सहायक प्रोग्रामर पन्नाराम, सूचना सहायक ओमप्रकाश समेत विभिन्न विभागीय अधिकारी उपस्थित रहे।





बुधवार, 6 जून 2018

पादरड़ी मंे ऋण माफी शिविर गुरूवार को


                बाड़मेर, 06 जून। जिले मंे गुरूवार को पादरड़ी ग्राम सेवा सहकारी समिति मुख्यालय पर ऋण माफी प्रमाण पत्र वितरण शिविर आयोजित होगा। इस दौरान किसानों को ऋण माफी प्रमाण पत्र वितरित किए जाएंगे।
                दी बाड़मेर सेट्रल कापरेटिव बैंक के प्रबंधक निदेशक शु़द्वोदन उज्वल ने बताया कि गुरूवार को पादरड़ी एवं शुक्रवार को सिवाना मंे ग्राम सेवा सहकारी समिति मुख्यालय पर ऋण माफी प्रमाण पत्र वितरण शिविर आयोजित होगा।

गुरूवार को 10 ग्राम पंचायतांे मंे होगा राजस्व लोक अदालतांे का आयोजन


                बाड़मेर, 06 जून। राजस्व लोक अदालत अभियान के तहत गुरूवार को 10 ग्राम पंचायत मुख्यालयों पर राजस्व लोक अदालतांे का आयोजन किया जाएगा।
                जिला कलक्टर शिवप्रसाद मदन नकाते ने बताया कि गुरूवार को बाड़मेर उपखण्ड क्षेत्र में ग्राम पंचायत भूरटिया, शिव उपखंड मंे ग्राम पंचायत ताणू मानजी, बायतू उपखंड मंे ग्राम पंचायत चीबी, गुड़ामालानी मंे बारासण, सिवाना उपखंड मंे ग्राम पंचायत इन्द्राणा के अटल सेवा केन्द्र तथा रातड़ी ग्राम पंचायत भवन मंे राजस्व लोक अदालत शिविर आयोजित होगा। उन्हांेने बताया कि चौहटन उपखंड मंे कोनरा ग्राम पंचायत, सेड़वा मंे फागलिया ग्राम पंचायत, पाटोदी मंे टापरा ग्राम पंचायत के अटल सेवा केन्द्र तथा कितपाला ग्राम पंचायत मुख्यालय पर राजस्व लोक अदालत शिविर आयोजित होगा।

बहादुर बच्चों को सम्मानित करने के लिए आवेदन आमंत्रित

                बाड़मेर, 06 जून। भारतीय बाल कल्याण परिषद की ओर से बहादुर बच्चों को सम्मानित करने के लिए 30 सितंबर तक आवेदन पत्र आमंत्रित किए गए हैं। 
      जिला कलक्टर शिवप्रसाद मदन नकाते ने बताया कि बाल अधिकारिता विभाग राजस्थान के निर्देशानुसार भारतीय बाल कल्याण परिषद, नई दिल्ली ने प्रतिवर्ष की भांति इस वर्ष भी बहादुर बच्चों को सम्मानित करने के लिए आवेदन पत्र आमन्त्रित किए हैं। उन्होंने बताया कि यह पुरस्कार 6 से 18 वर्ष तक आयु में बहादुरी को प्रदर्शित करने और उनके कार्यो के साथ अन्य बच्चों को प्रेरित करने के उद्देश्य से दिया जाता हैं। इस पुरस्कार के तहत भारत अवार्ड सहित 25 प्रकार के अवार्ड प्रदान किए जाते हैं। पुरूस्कार के रूप में एक पदक, एक प्रमाण पत्र और नकद पुरस्कार प्रदान किया जाता हैं।

दलहनी फसलांे के लिए खड़ीन का इस्तेमाल करें : नेहरा


किसानांे को दलहनी फसलांे का उत्पादन बढ़ाने के तकनीकी पहलूओं से अवगत कराया

                बाड़मेर, 06 जून। दलहनी फसलांे के खड़ीन का इस्तेमाल करंे। इससे जल प्रबंधन के साथ अधिक उत्पादन लिया जा सकता है। किसान फसल चक्र को अपनाते हुए भूमि की उर्वरता को सुरक्षित रख सकते है। जिला परिषद के मुख्य कार्यकारी अधिकारी एम.एल.नेहरा ने बुधवार को बायफ, काजरी एवं केयर्न इण्डिया की ओर से संचालित कृषि आधारित परियोजना के तहत सीईसी मंे एक दिवसीय दलहनी फसल उत्पादन संबंधित प्रशिक्षण के दौरान यह बात कही।
                मुख्य कार्यकारी अधिकारी एम.एल.नेहरा ने कहा कि दलहनी फसलांे को अन्य फसलांे की तुलना मंे कम पानी एवं कम पोषक तत्वांे की आवश्यकता होती है। उन्हांेने कहा कि समय पर फसलांे की बुवाई करने के साथ पशुपालन को भी प्राथमिकता दें। उन्हांेने जल प्रबंधन के लिहाज से खड़ीन का अधिकाधिक उपयोग करने की बात कही। इस दौरान प्रशिक्षण मंे शामिल 50 किसानांे का खेतांे मंे मूंग, मोठ एवं ग्वार की प्रदर्शनी लगाने के लिए चयन किया गया। यह किसान दस-दस किसानों को दलहनी खेती से जोड़ेंगे। इस दौरान काजरी जोधपुर के सेवानिवृत प्रधान वैज्ञानिक डी.कुमार ने मूंग, मोठ एवं ग्वार की तकनीकी विधि से खेती करने के बारे मंे किसानांे को विस्तार से जानकारी दी। कृषि विज्ञान केन्द्र गुड़ामालानी के डा.प्रदीप पगारिया ने उन्नत तकनीकी के जरिए खेती करके अधिक आय उत्पादन करने के तरीकांे के बारे मंे बताया। उन्हांेनेक हा कि किसान जैविक खेती को प्राथमिकता दें। ताकि खेती की लागत मंे कमी होने के साथ अधिकाधिक उत्पादन कर अपनी आय मंे बढोतरी कर सके। केयर्न इंडिया के भानू प्रतापसिंह ने किसानांे को उन्नत तकनीकी से खेती करके अपने साथ दस-दस किसानांे को दलहनी फसलांे मूंग, मोठ एवं ग्वार की वैज्ञानिक तरीके से खेती करने के लिए आमदनी बढाने के लिए प्रोत्साहित करने की बात कही। इस प्रशिक्षण मंे भाड़खा, बोथिया एवं काउ खेड़ा इलाके के 50 किसानांे ने भाग लिया। कार्यक्रम का संचालन बायफ के डा.राघवेन्द्र दूबे ने किया। कार्यक्रम की शुरूआत जिला परिषद के मुख्य कार्यकारी अधिकारी एम.एल.नेहरा एवं केयर्न के सीएसआर हेड निशांत कुमार ने दीप प्रज्वलन के साथ की। इस दौरान किसानांे को विभिन्न जन कल्याणकारी योजनाआंे की जानकारी देने के साथ कृषि कार्य संबंधित उपकरण वितरण किए गए।




मंगलवार, 5 जून 2018

ग्रामीणांे को पर्यावरण संरक्षण के विविध पहलूआंे से रूबरू कराया


                बाड़मेर, 05 जून। बायफ, नाबार्ड एवं केयर्न इण्डिया की ओर से संचालित वॉटरशेड परियोजना के तहत मंगलवार को ग्राम भाडखा में पर्यावरण दिवस के उपलक्ष्य मंे जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया गया। इस दौरान ग्रामीणांे को पर्यावरण संरक्षण के विविध पहलूआंे के बारे मंे विस्तार से जानकारी दी गई।
                कार्यक्रम के दौरान नाबार्ड के जिला विकास प्रबंधक डा.दिनेश प्रजापति ने कहा कि पर्यावरण शुद्व रहेगा तो जीवन स्वस्थ्य रहेगा। उन्हांेने कहा कि पर्यावरण को शुद्व रखने की जिम्मेदारी सबकी है। उन्हांेने प्लास्टिक का उपयोग नहीं करने एवं अधिकाधिक पौधोरोपण करने की बात कही। इस दौरान बायफ संस्था के डा.आर.दूबे ने पर्यावरण दिवस के बारे मंे जानकारी दी। कार्यक्रम की शुरूआत दीप प्रज्जवलन से हुई। कृषि विज्ञान केन्द्र गुडामालानी के डॉ प्रदीप पगारिया ने पर्यावरण के महत्व के बारे मंे विस्तार से बताया। उन्हांेने कहा कि हम सब जानते हुए भी पर्यावरण को किसी न किसी रूप मंे हानि पहुंचाते है। हम हर क्षेत्र मंे प्लास्टिक का इस्तेमाल कर रहे है। उन्हांेने कहा कि भविष्य की सुरक्षा के लिए इसका उपयोग कम करने का प्रयास करें। कृषि विज्ञान केन्द्र बाडमेर के डा.बुधाराम ने कहा कि किसानों को पर्यावरण को शुद्व बनाने के लिए अधिकाधिक प्रयास करने होंगे। काजरी जोधपुर के डॉ डी कुमार ने कहस कि पर्यावरण में जमीन, जंगल, जल, जानवर एवं आमजन को स्वस्थ्य रखने के लिए हमंे प्लास्टिक का उपयोग नहीं करना चाहिए। उन्हांेने किसानों को पर्यावरण के सदर्भ कविता के माध्यम से समझाया। कार्यक्रम में किसानों को जैविक खेती पर जोर देने को कहा ताकि किसान खेती की लागत में कमी करके अधिक से अधिक उत्पादन प्राप्त कर अपनी आय में वृद्वि कर सकें। इस दौरान किसानांे को पेड़-पौधे एवं कपड़े के बैग उपलब्ध कराए गए। इस दौरान केयर्न इण्डिया बाडमेर से भानुप्रताप सिंह, ज्योति रंजन, राहुल गुप्ता एवं बायफ संस्था से नगीन पटेल, आर.के. पठान, परियोजना के इंजीनियर संजय वर्मा, गोपाल व्यास, मेहराब खान उपस्थित रहे। इस कार्यक्रम में जल ग्रहण समिति के अध्यक्ष सचिव एवं सदस्यो के साथ 175 महिला स्वयं सहायता समूह की महिला एवं पुरूष किसानों ने भाग लिया। कार्यक्रम का संचालन बायफ के एच. डी. शर्मा ने किया।



पर्यावरण जागरूकता के लिए नेचर वॉक का आयोजन


                बाड़मेर, 05 जून। विश्व पर्यावरण दिवस से पहले आमजन में जागरूकता बढ़ाने के उद्देश्य से बाड़मेर के तेल-गैस क्षेत्रों में सप्ताह भर चलने वाले कार्यक्रमों का आयोजन किया जा रहा है। इसी कड़ी में रविवार तथा सोमवार को नेचर वॉक तथा पौधारोपण किया गया।
                केयर्न ऑयल एंड गैस वेदांत लिमिटेड के राजस्थान ऑपरेशन क्षेत्र में 1 जून से 5 जून तक विश्व पर्यावरण सप्ताह मनाया जा रहा है। हमारे पर्यावरण की सुरक्षा के लिए छोटे से छोटा कदम भी महत्वपूर्ण है इस भावना को प्रोत्साहित करने के लिए नेचर वॉक का आयोजन किया गया। बाड़मेर जिला वन अधिकारियों के सहयोग से गंगाली गांव वन में गेनेश्वर महादेव मंदिर पहाड़ी इलाके में इस कार्यक्रम का आयोजन किया गया। नेचर वॉक के दौरान बाड़मेर के उप वन संरक्षक विक्रम प्रधान केसरी-आईएफएस और लखन सिंह-एसीएफ बालोतरा ने को फॉरेस्ट गार्ड, केयर्न अधिकारी और इंजीनियरों की टीम का नेतृत्व किया। इस दौरान इजिप्शियन गिद्ध, ग्रीन बी ईटर, वाइट ईयर बुलबुल, रेड व्हिस्कड बुलबुल, टेलर बर्ड, लाफिंग बर्ड के अल्वा चिंकारा, रेगिस्तानी लोमड़ी, खरगोश जैसी विभिन्न वन्यजीव प्रजातियों के जीव देखे गए। प्रतिभागियों को गुगल, रोहिडा, जाल, कुमठ आदि जैसे वनस्पतियों की जानकारी भी दी गई।  प्रकृति चर्चा के दौरान विक्रम प्रधान केसरी ने गिद्ध आबादी पर मंडरा रहे खतरों के संबंध में समूह को अवगत कराया। उन्होंने कहा कि गिद्ध बड़े जानवरों के शवों से भोजन प्राप्त करते हैंऔर  इस प्रकार पर्यावरण की सफाई में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। भारत में पाए गए गिद्धों की नौ प्रजातियां हैं, जिनमें से चार को प्रकृति और प्राकृतिक संसाधन संरक्षण केअंतर्राष्ट्रीय संघ ने संकटग्रस्त प्रजातियों की सूची में गंभीर रूप से लुप्तप्राय के रूप में सूचीबद्ध किया गया है।  गिद्धों की आबादी का तेजी से कम होना भारत में पर्यावरण से जुडी एक गंभीर समस्या है। गिद्धों के अस्तित्व के मुख्य खतरों में एनाल्जेसिक डिक्लोफेनाक, आवास विनाश, कीटनाशक प्रदूषण, धीमी प्रजनन दर, शवों की कमी आदि प्रमुख हैं। सहायक वन संरक्षक ने नेचर वॉक में शामिल होते हुए विभिन्न वन्य जीव प्रजातियों के बारे में बताया और अधिकारियों को इस प्रकार की आयोजन निरंतर करने का सुझाव दिया।  स्नेचर वॉक की शुरुआत वन्य जीव पेयजल सुविधा स्थल से हुई। इस स्थल को गत वर्ष केयर्न ने जिला वन विभाग के परामर्श से विकसित किया था। पेयजल सुविधा में सभी मौसमों में पूरे वर्ष जंगली जीवन के लिए पानी उपलब्ध कराने के लिए बोर वेल, सौर ऊर्जा पंप और जल भंडारण तालाब शामिल है। इस कड़ी में आयोजित हुए पौधरोपण कार्यक्रम में युवा इंजीनियरों ने भाग लिया।




प्रभावी मोनेटरिंग से योजनाआंे की क्रियान्विति सुनिश्चित करें : चौधरी


सांसद कर्नल सोनाराम चौधरी ने की विकास योजनाआंे एवं कार्यक्रमांे की प्रगति की समीक्षा

                बाड़मेर, 05 जून। नियमित रूप से प्रभावी मोनेटरिंग के साथ केन्द्र एवं राज्य सरकार की योजनाआंे की क्रियान्विति सुनिश्चित करें। योजनाआंे के दायरे मंे आने वाला कोई भी पात्र व्यक्ति उससे वंचित नहीं रहना चाहिए। बाड़मेर-जैसलमेर सांसद कर्नल सोनाराम चौधरी ने मंगलवार को कलेक्ट्रेट कांफ्रेस हाल मंे दिशा की बैठक के दौरान योजनाआंे की प्रगति की समीक्षा करते हुए यह बात कही।
                सांसद कर्नल सोनाराम चौधरी ने कहा कि केन्द्र एवं राज्य सरकार ने प्रत्येक वर्ग के उत्थान के लिए कई जन कल्याणकारी योजनाएं प्रारंभ की है। इन योजनाआंे से आमजन को लाभांवित करने के लिए समन्वित प्रयास किए जाए। उन्हांेने केन्द्र सरकार की विभिन्न योजनाआंे की प्रगति की समीक्षा करते हुए अपेक्षित गति लाने के निर्देश दिए। उन्हांेने दीनदयाल उपाध्याय ग्राम ज्योति योजना के कार्य मंे विशेष प्रगति लाने के लिए कहा। उन्हांेने कहा कि किसी भी गांव मंे कार्य प्रारंभ करने के बाद कार्य समाप्ति के उपरांत ही दूसरे गांव मंे नए कार्य की शुरूआत की जाए। उन्हांेने कहा कि आगामी समय मंे बारिश के मौसम के दौरान कार्य करने मंे दिक्कत आएगी। उन्हांेने बाड़मेर एवं बालोतरा शहर मंे अंडर ग्राउंड विद्युतीकरण कार्य करने के निर्देश दिए। उन्हांेने जलदाय विभाग के अधिकारियांे को निर्देश दिए कि हैडपंप स्वीकृति के कार्याें मंे भी मौका मुआयना कर अधिकाधिक लोगांे को लाभांवित करवाने का प्रयास करें। उन्हांेने आरओ प्लांट के स्थान पर टयूबवैल एवं कुएं खोदने के कार्य को प्राथमिकता देने के लिए कहा। उन्हांेने कहा कि प्रधानमंत्री ग्रामीण सड़क योजना के कार्याें की गारंटी पीरियड मंे संबंधित ठेकेदारांे से ही मरम्मत कराई जाए। सांसद चौधरी ने इस दौरान विभिन्न विकास योजनाआंे एवं कार्यक्रमांे की समीक्षा करते हुए संबंधित विभागीय अधिकारियांे को आवश्यक निर्देश दिए। चौहटन विधायक तरूणराय कागा ने पंूजासर, पोकरासर मंे पेयजल समस्या के समाधान करवाने की बात कही। उन्हांेने चौहटन विधानसभा क्षेत्र के कुछ गांवांे मंे वन एवं गोचर भूमि पर आबादी बसी होने का मामला भी उठाया। इस दौरान जिला कलक्टर शिवप्रसाद मदन नकाते ने विभागीय अधिकारियांे को दिशा की बैठक मंे लिए गए निर्णयांे एवं निर्देशांे की पालना सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। उन्हांेने राजस्व शिविरांे मंे सत्यापन के लिए पेंशनरांे की सूचियां भिजवाने के निर्देश दिए।
                जिला परिषद के मुख्य कार्यकारी अधिकारी एम.एल.नेहरा ने विभिन्न विकास योजनाआंे की उपलब्धियांे के बारे मंे जानकारी दी। जिला कोषाधिकारी दिनेश बारहठ ने सामाजिक सुरक्षा योजनाआंे की प्रगति, बाड़मेर नगर परिषद के आयुक्त पंकज मंगल एवं बालोतरा नगर परिषद की आयुक्त छैल कंवर ने स्वच्छ भारत मिशन, प्रधानमंत्री आवास योजना की उपलब्धि के बारे मंे जानकारी दी। चौहटन प्रधान कुंभाराम सेंवर, पाटोदी प्रधान रशीदा बानो, कोनरा सरपंच शाकर खान ने विभिन्न समस्याआंे से अवगत कराया। इस दौरान सौभाग्य योजना के बारे मंे भी विचार-विमर्श हुआ। बैठक के दौरान मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डा.कमलेश चौधरी, अधीक्षण अभियंता एम.एल.जाट, हेमंत चौधरी, बलवीरसिंह, शंकरलाल मेघवाल, अधिशाषी अभियंता सूराराम चौधरी, कबीर अख्तर समेत विभिन्न विभागीय अधिकारी उपस्थित रहे।



रामसर में दिव्यांगो को अंग उपकरण वितरण शिविर का आयोजन 10 को


                बाडमेर, 05 जून। जिला प्रशासन एवं सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता विभाग द्वारा दिव्यांग अंग उपकरण वितरण शिविर का आयोजन 10 जून को राजकीय अम्बेडकर छात्रावास रामसर में रखा गया है जिसमें दिव्यांगो को ट्र्ाईसाईकिल,व्हील चैयर,बैशाखी,श्रवण यन्त्र,ब्लाइन्ड छडी प्रदान किये जावेंगे।
                सहायक निदेशक सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता विभाग तुलसाराम चौधरी ने बताया कि दिव्यांग व्यक्ति अपने साथ विकलांग प्रमाण पत्र,आधार कार्ड,भामाशाह एवं विकलांगता दर्शाते हुए पासपोर्ट साईज फोटो साथ लेकर शिविर में उपस्थित होवें।

कर्ज माफी राज्य सरकार का ऐतिहासिक निर्णय : चौधरी


सनावड़ा मंे ऋण माफी शिविर मंे 870 किसानांे को 1 करोड़ 97 लाख के ऋण माफी प्रमाण पत्र वितरित

                बाड़मेर, 05 जून। राज्य सरकार ने किसानांे के हितांे को सर्वोच्च प्राथमिकता देते हुए कर्ज माफी का ऐतिहासिक निर्णय लिया है। किसानों के 30 सितंबर 2017 तक बकाया फसली ऋण में से 50 हजार रूपए का ऋण माफ कर राहत प्रदान की गई है। बाड़मेर-जैसलमेर सांसद कर्नल सोनाराम चौधरी ने मंगलवार को सनावड़ा ग्राम सेवा सहकारी समिति मुख्यालय पर आयोजित ऋण माफी प्रमाण पत्र वितरण शिविर के दौरान मुख्य अतिथि के रूप मंे यह बात कही।
                इस अवसर पर सांसद कर्नल सोनाराम चौधरी ने कहा कि केन्द्र एवं राज्य सरकार किसानांे को लेकर बेहद संवेदनशील है, उनके कल्याणार्थ कई योजनाएं प्रारंभ की गई है। उन्हांेने कहा कि प्रदेश मंे पहली बार सहकारी बैंकों से जुड़े लघु, सीमान्त एवं अन्य किसानों का पचास हजार रूपये तक का ऋण माफ किया गया है। उन्हांेने कहा कि केन्द्र सरकार ने वर्ष 2022 तक किसानांे की आमदनी दुगुनी करने की का भरोसा दिलाया है। किसानांे की आर्थिक स्थिति मजबूत करने एवं उनके उत्थान के लिए कई कदम उठाए गए है। उन्हांेने बाड़मेर जिले मंे विभिन्न विकास योजनाआंे मंे हो रहे कार्यों के बारे मंे विस्तार से जानकारी दी। उन्होंने आमजन से जागरूक होकर केन्द्र एवं राज्य सरकार की जन कल्याणकारी योजनाआंे का फायदा उठाने की अपील की।
                इस दौरान यूआईटी चौयरमैन डा.प्रियंका चौधरी ने कहा कि केन्द्र एवं राज्य सरकार की योजनाआंे की बदौलत पहली बार किसानांे के सपने साकार हुए है। उन्हांेने कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने पहली मर्तबा गन्ने की खेती करने वाले किसानों के लिए 20 हजार करोड़ की घोषणा की है। उन्हांेने कहा कि मुख्यमंत्री बाड़मेर को लेकर बेहद संवेदनशील है। प्रदेश मंे ग्राम पंचायत स्तर पर सीनियर सैकंडरी स्कूलांे के साथ निःशुल्क इलाज सरीखी कई योजनाएं प्रारंभ कर आमजन को राहत प्रदान की गई है। उन्हांेने कहा कि अब 1 अप्रैल 2018 से फसली ऋण लेने वाले सभी किसानों का व्यक्तिगत दुर्घटना बीमा 10 लाख रूपए कर दिया गया है।
                जिला कलक्टर शिवप्रसाद मदन नकाते ने कहा कि ऋण माफी योजना का फायदा सभी प्रकार के किसानांे को मिलेगा। जिन किसानांे ने समय पर ऋण की राशि जमा करा दी थी, उनके खाते मंे यह राशि जमा होगी। उन्हांेने कहा कि किसान समय पर ऋण की किश्त जमा कराकर ग्राम सेवा सहकारी समिति एवं सहकारी बैंक को आर्थिक रूप से सक्षम बनाने मंे सहयोग करें। उन्हांेने विगत वर्षों मंे मिले फसली ऋण, कृषि आदान अनुदान एवं फसली ऋण माफी के बारे मंे विस्तार से जानकारी दी। उन्हांेने ग्रामीणांे से सुचारू रूप से ऋण माफी योजना से लाभांवित होने की अपील की। दी बाड़मेर सेट्रल कापरेटिव बैंक के प्रबंधक निदेशक शुद्वोदन उज्ज्वल ने सहकारिता विभाग की योजनाआंे के बारे मंे जानकारी दी। उन्हांेने बताया कि सनावड़ा ग्राम सेवा सहकारी समिति के 870 किसानांे को 1 करोड़ 97 लाख रूपए की ऋण माफी का फायदा मिलेगा। इस दौरान सांसद कर्नल सोनाराम चौधरी, यूआईटी चौयरमैन डा.प्रियंका चौधरी, जिला कलक्टर शिवप्रसाद मदन नकाते ने किसानांे को ऋण माफी वितरण प्रमाण पत्र वितरण किए। कार्यक्रम का संचालन वरिष्ठ प्रबंधक रमेश जैन ने किया। ऋण माफी शिविर के दौरान सरपंच पूजा चौधरी, ग्राम विकास अधिकारी जमना चौधरी, ग्राम सेवा सहकारी समिति के अध्यक्ष देराजराम, पूर्व व्यवस्थापक खीयाराम, जेठाराम चौधरी, रामसिंह, लालाराम, रतनलाल देवपाल, घारूराम देवपाल समेत कई गणमान्य नागरिक उपस्थित रहे।





पर्यावरण संरक्षण के प्रति जागरूकता लाने का संकल्प


विश्व पर्यावरण दिवस पर साइकिल रैली के साथ जागरूकता कार्यक्रमांे का आयोजन

                बाड़मेर, 05 जून। विश्व पर्यावरण दिवस पर बुधवार को पर्यावरण संरक्षण के प्रति जागरूकता लाने के संकल्प के साथ प्लास्टिक की रोकथाम को कपड़े की थैलियां वितरित कर पर्यावरण संरक्षण का संदेश दिया गया। इससे पहले जिला कलक्टर शिवप्रसाद मदन नकाते, उप वन संरक्षक विक्रम केशरी प्रधान समेत विभिन्न अधिकारियांे, सीमा सुरक्षा बल एवं पुलिस के जवानांे ने साइकिल रैली मंे शिरकत कर आमजन को पर्यावरण संरक्षण के प्रति जागरूक किया।
                जिला मुख्यालय पर भगवान महावीर टाउन हाल मंे आयोजित समारोह के दौरान मुख्य अतिथि यूआईटी चौयरमैन डा.प्रियंका चौधरी ने कहा कि आमजन पर्यावरण संरक्षण का संकल्प लेने के साथ यह तय करें कि रोजमर्रा के काम मंे प्लास्टिक का इस्तेमाल नहीं करेंगे। उन्हांेने प्लास्टिक की थैलियांे के स्थान पर जूट की थैलियांे का उपयोग करने का अनुरोध किया। उन्हांेने कहा कि पर्यावरण संरक्षण के लिए आमजन को पहल करनी होगी। सभापति लूणकरण बोथरा ने प्लास्टिक की रोकथाम के लिए घर-घर जाकर जागरूकता का संदेश पहुंचाने तथा कपड़े की थैलियां वितरण करने की बात कही। उन्हांेने कहा कि नगर परिषद क्षेत्र मंे इसकी पालना नहीं करने वालांे से जुर्माना वसूला जाएगा। अध्यक्षीय उदबोधन मंे जिला कलक्टर शिवप्रसाद मदन नकाते ने कहा कि आमजन संवेदनशील होकर पर्यावरण संरक्षण की पहल करें। उन्हांेने कहा कि यह प्रयास किया जाए कि जीवन मंे प्लास्टिक का कम से कम उपयोग किया जाए। उन्हांेने प्लास्टिक की रोकथाम एवं पर्यावरण संरक्षण के प्रति जागरूकता लाने के अभियान मंे सबकी भागीदारी की जरूरत जताई। उप वन संरक्षक विक्रम केशरी प्रधान ने अधिकाधिक पौधारोपण करके प्रकृति को सहेजने की बात कही। केयर्न इंडिया के वरिष्ठ प्रबंधक निशांत कुमार ने कहा कि प्लास्टिक की रोकथाम के लिए नगर परिषद रिसाइकलिंग प्लांट लगाने की पहल करें। इसके अलावा प्रत्येक व्यक्ति एक-एक पेड़ लगाने के साथ उसकी सार संभाल कर पेड़ बनने तक की जिम्मेदारी लें। इस दौरान वेदांता केयर्न की ओर से चल चित्र प्रदर्शन के माध्यम से पर्यावरण जागरूकता का संदेश दिया गया। समारोह के दौरान अतिथियांे ने केयर्न इंडिया की ओर से प्लास्टिक थैलियांे की रोकथाम के लिए कपड़े के बैग वितरित कर पर्यावरण संरक्षण का संदेश दिया। इस दौरान वन विभाग की ओर से पर्यावरण दिवस के उपलक्ष्य मंे आयोजित विभिन्न प्रतियोगिताआंे के विजेताआंे को सम्मानित किया गया। कार्यक्रम का संचालन के.डी.चारण ने किया। समारोह मंे नगर परिषद आयुक्त पंकज मंगल, स्काउट सीओ योगेन्द्रसिंह, महेश पनपालिया,लखदान चारण, राहुल शर्मा, उदयराम, चन्द्रेशखर शर्मा समेत कई गणमान्य नागरिक उपस्थित रहे। इससे पहले बुधवार प्रातः 7.30 बजे मल्लीनाथ सर्किल से पर्यावरण संरक्षण का संदेश देने के लिए साइकिल रैली रवाना हुई। इसमंे जिला कलक्टर शिवप्रसाद मदन नकाते, उप वन संरक्षक विक्रम केशरी प्रधान समेत विभिन्न अधिकारी, कार्मिक, सीमा सुरक्षा बल एवं पुलिस के जवान, एनसीसी, स्काउट तथा गणमान्य नागरिक शामिल हुए। इस दौरान अतिरिक्त जिला कलक्टर ओ.पी.बिश्नोई, सीमा सुरक्षा बल के कमाडेंट प्रदीप कुमार शर्मा, केयर्न इंडिया के निशांत कुमार, राहुल शर्मा, समाजसेवी जोगेन्द्रसिंह चौहान, धारा संस्थान के महेश पनपालिया समेत कई गणमान्य नागरिक उपस्थित रहे। समारोह के आयोजन मंे धारा संस्थान, सिद्वार्थ गुरूकूल स्कूल,स्काउट, फिफ्टी विलेजर्स, आईएलएफ ने योगदान दिया। साइकिल रैली मल्लीनाथ सर्किल से रवाना होकर कलेक्ट्रेट, स्टेशन रोड़, अहिंसा चौराहा, चौहटन सर्किल समेत विभिन्न स्थानांे से होते हुए भगवान महावीर टाउन हाल मंे संपन्न हुई।







जून माह मंे आयोजित होने वाली बैठकांे का कार्यक्रम निर्धारित


                बाड़मेर, 05 जून। जिला मुख्यालय पर जून माह मंे आयोजित होने वाली बैठकांे का कार्यक्रम निर्धारित किया गया है। इन बैठकांे मंे संबंधित अधिकारियांे को आवश्यक सूचनाआंे के साथ उपस्थित होने के निर्देश दिए गए है।
                जिला कलक्टर शिवप्रसाद मदन नकाते ने बताया कि 7 जून को प्रातः 11.30 बजे 15 सूत्री आर्थिक एवं सामाजिक कार्यक्रम समिति की बैठक, 11 जून को दोपहर 3.30 बजे बागवानी विकास समिति आत्मा एवं कृषि विकास समिति की बैठक आयोजित होगी। उन्हांेने बताया कि जून माह के द्वितीय गुरूवार 14 जून को अटल सेवा केन्द्र मंे जिला स्तरीय जन सुनवाई एवं सतर्कता समिति की बैठक आयोजित होगी। इसी तरह 19 जून को प्रातः 11.30 बजे जिला स्वास्थ्य समिति की बैठक एवं 21 जून को प्रातः 11 बजे जिला परिषद की ओर से संचालित समस्त विकास योजनाआंे की समीक्षा बैठक, दोपहर 3.30 बजे नवजीवन योजना समिति, पालनहार योजना समिति, निःशक्त जन कल्याण शहरी, ग्रामीण समिति की बैठक तथा सांय 5 बजे जिला बाल संरक्षण इकाई समिति की बैठक आयोजित होगी। जिला कलक्टर नकाते ने बताया कि 25 जून को दोपहर 12.30 बजे बीस सूत्री कार्यक्रम क्रियान्वयन समिति की बैठक आयोजित होगी। इसी तरह 28 जून प्रातः 11 बजे जिला बाल संरक्षण इकाई समिति की बैठक, दोपहर 12 बजे आतंरिक सुरक्षा समिति एवं दोपहर 3 बजे अनुसूचित जाति, अनुसूचित जन जाति अत्याचार निवारण समिति, महिलाआंे पर अत्याचार, पुलिस अभियोजन समन्वय एवं जिला पैरोल सलाहकार समिति की बैठक तथा सांय 5.30 बजे जिला औद्योगिक सलाहकार समिति एवं जिला स्तरीय सर्वाधिकार समिति की बैठक आयोजित होगी।

पंचायतीराज संस्थाओं के उप चुनाव क्षेत्रों में सूखा दिवस घोषित


                बाड़मेर, 05 जून। राज्य सरकार ने आदेश जारी कर पंचायती राज संस्थाओं के उप चुनावों से संबंधित क्षेत्रों एवं इनसे लगते हुए 5 किलोमीटर परिधीय क्षेत्रों में 10 जून को सायं 5 बजे से 12 जून सायं 5 बजे तक सूखा दिवस घोषित किया है। आदेश के अनुसार 14 जून को भी उप चुनाव की मतगणना दिवस पर मतगणना समाप्ति तक सूखा दिवस घोषित किया गया है।

बुधवार को 12 ग्राम पंचायतांे मंे होगा राजस्व लोक अदालतांे का आयोजन


                बाड़मेर, 05 जून। राजस्व लोक अदालत अभियान के तहत बुधवार को 12 ग्राम पंचायत मुख्यालयों पर राजस्व लोक अदालतांे का आयोजन किया जाएगा।
                जिला कलक्टर शिवप्रसाद मदन नकाते ने बताया कि बुधवार को बाड़मेर उपखण्ड क्षेत्र में ग्राम पंचायत शिवकर एवं गालाबेरी, शिव उपखंड मंे ग्राम पंचायत झाफली कला, बायतू उपखंड मंे ग्राम पंचायत खोखसर, रामसर उपखंड मंे ग्राम पंचायत भीडे का पार, धोरीमन्ना उपखंड मंे ग्राम पंचायत सूदाबेरी, सिवाना उपखंड मंे मायलावास एवं लालाणा ग्राम पंचायत के अटल सेवा केन्द्र मंे राजस्व लोक अदालत शिविर का आयोजन होगा। उन्हांेने बताया कि चौहटन उपखंड मंे ग्राम पंचायत आंटिया एवं गौड़ा, बालोतरा उपखंड मंे नवोड़ा बेरा ग्राम पंचायत के अटल सेवा केन्द्र तथा केशरपुरा ग्राम पंचायत मुख्यालय पर राजस्व लोक अदालत शिविर आयोजित होगा।

लोकसभा आम चुनाव को लेकर 24 से 26 अप्रैल तक सूखा दिवस घोषित

बाड़मेर, 26 मार्च। आबकारी विभाग के संयुक्त शासन सचिव के निर्देशानुसार लोकसभा आम चुनाव 2024 के परिपेक्ष्य में सम्पूर्ण बाड़मेर व बालोतरा जिले म...